पंजीकरण, बैडमिंटन, जिम और मैदान आरक्षण की नई दरें प्रभावी, बढ़े शुल्क पर ही मिलेगी खेल सुविधाएं
बरेली। नए साल की शुरुआत के साथ ही स्पोर्ट्स स्टेडियम में खेल सुविधाओं का लाभ लेना खिलाड़ियों और आम नागरिकों के लिए महंगा हो गया है। स्टेडियम प्रशासन ने विभिन्न खेलों और सुविधाओं के लिए निर्धारित शुल्क में इजाफा कर दिया है, जिसे संबंधित अधिकारियों की स्वीकृति के बाद अब लागू कर दिया गया है। ऐसे में अब जो भी खिलाड़ी या नागरिक पंजीकरण कराएगा, उसे नई दरों के अनुसार ही शुल्क जमा करना होगा।
स्टेडियम में ग्राउंड आरक्षण सहित कई प्रकार की खेल सुविधाएं खिलाड़ियों को उपलब्ध कराई जाती हैं। इन सुविधाओं के संचालन, रखरखाव और संसाधनों के लिए पहले भी शुल्क लिया जाता था। प्रशासन का तर्क है कि बढ़ती लागत, रखरखाव खर्च और सुविधाओं को सुचारु रूप से संचालित रखने के लिए शुल्क में संशोधन आवश्यक हो गया था। संवाद
- मासिक पंजीकरण शुल्क है 400 रुपये
आरएसओ चंचल मिश्रा ने बताया कि नई व्यवस्था के तहत 18 वर्ष से अधिक आयु के खिलाड़ियों के लिए मासिक पंजीकरण शुल्क 400 रुपये तय किया गया है। वहीं पहली बार स्टेडियम में पंजीकरण कराने वाले खिलाड़ियों को 900 रुपये शुल्क जमा करना होगा। बैडमिंटन खेलने वालों के लिए भी शुल्क में इजाफा किया गया है। पहले बैडमिंटन के लिए कुल 510 रुपये का भुगतान करना पड़ता था। अब इसे बढ़ाकर 750 रुपये प्रतिमाह कर दिया गया है।
- जिम सुविधाओं के शुल्क में भी हुआ है बदलाव
जिम की सुविधाओं के शुल्क में भी बदलाव किया गया है। चूंकि जिम में आने वाले खिलाड़ियों को 18 वर्ष से अधिक आयु का माना जाता है, इसलिए यहां मासिक शुल्क 1500 रुपये निर्धारित किया गया है। वहीं जो खिलाड़ी पहली बार जिम का पंजीकरण कराएगा, उसे 2000 रुपये शुल्क देना होगा।
इसके अलावा स्टेडियम में ग्राउंड आरक्षण भी अब महंगा हो गया है। ग्राउंड बुक कराने पर 1500 रुपये शुल्क के साथ 2000 रुपये अतिरिक्त राशि जोड़कर कुल 3500 खर्च करना होगा। स्टेडियम प्रशासन ने साफ किया है कि बिना पंजीकरण और निर्धारित शुल्क जमा किए किसी को भी, किसी भी प्रकार की खेल सुविधा का लाभ नहीं दिया जाएगा।