नदी से निकल कर एक मगरमच्छ गांव परेवा अनूप के समीप गन्ने के खेत में पहुंच गया। सूचना पर पहुंची वनकर्मियों की टीम ने 20 मिनट की कड़ी मशक्कत के बाद मगरमच्छ को पकड़ लिया। पकड़े गए मगरमच्छ को खन्नौत नदी में छोड़ दिया गया है।
ब्लॉक क्षेत्र के गांव परेवा अनूप निवासी पोथीराम ने गन्ने के खेत की दो दिन पूर्व सिंचाई की थी। रविवार सुबह 11 बजे पोथीराम का पुत्र रमेश अपने कुछ साथियों के साथ गन्ने की फसल देखने गए थे। रमेश खेत में घुसकर फसल देख ही रहा था कि इस बीच उनकी नजर खेत में घुसे मगरमच्छ पर पड़ी। मगरमच्छ देख रमेश के मुंह से चीख निकल गई और सभी गांव की ओर भाग खड़े हुए ।
रमेश ने खेत में मगरमच्छ होने की जानकारी दी। ग्रामीणों ने इसकी सूचना सामाजिक वानिकी प्रभाग के वनकर्मियों को दी। सूचना के बाद सामाजिक वानिकी प्रभाग के वन दरोगा सुरेशपाल वर्मा, इकबाल, तौलेराम, रामऔतार मौके पर पहुंचे। वनकर्मियों को मगरमच्छ को काबू में करने के लिए कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। करीब 20 मिनट के बाद मगरमच्छ को पकड़ लिया गया।
रेस्क्यू के दौरान खेत में ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई। ग्रामीणों ने बताया कि मगरमच्छ अमेड़ी नदी से आ गया था, जो यहां से करीब आधा किमी दूरी पर है। वन दरोगा ने बताया कि पकड़े गए मगरमच्छ को खन्नौत नदी में छोड़ा गया है।