फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

वैकल्पिक विषय के रूप में ले सकेंगे शारीरिक शिक्षा

Thu, 28 Apr 2016 01:05 AM IST
ब्यूरो, अमर उजाला बरेली
विज्ञापन
विज्ञापन
एमजेपी रुहेलखंड यूनिवर्सिटी से अब शारीरिक शिक्षा में स्नातक किया जा सकेगा। यूनिवर्सिटी ने इस विषय को वैकल्पिक रूप में करने के लिए सारे संबद्ध कालेजों को संबद्धता लेने का आदेश जारी कर दिया है। इसके लिए कालेजों से 10 मई तक आवेदन मांगे गए हैं। संबद्धता के बाद यूनिवर्सिटी से शारीरिक शिक्षा की वैकल्पिक पढ़ाई करने वालों को बीपीएड करने का रास्ता साफ हो जाएगा। अब तक यह व्यवस्था नहीं थी। शासन ने 1989 में ही शारीरिक शिक्षा को वैकल्पिक विषय के रूप में लागू करने का प्रावधान यूनिवर्सिटी एक्ट में कर दिया था लेकिन अब तक रुहेलखंड यूनिवर्सिटी की ओर से किसी भी कालेज को इसकी संबद्धता नहीं मिल सकी थी। सच तो यह है कि जानकारी के अभाव में किसी कालेज ने आवेदन नहीं किया और यूनिवर्सिटी ने इस बारे में चुप्पी साधे बैठी हुई थी।
विज्ञापन

यह स्थिति तब बनी हुई, जब उच्चतर सेवा आयोग से 25 अनुदानित कालेजों में बकायदा शारीरिक शिक्षा विषय के शिक्षक नियुक्त किए जा चुके हैं और ये सारे शिक्षक पढ़ने वाले बच्चे न होने से खाली बैठे हुए हैं। रूटा ने कुछ साल पहले शारीरिक शिक्षा को वैकल्पिक विषय के रूप में संबद्धता प्रदान करने की मांग यूनिवर्सिटी से की। बुधवार को रूटा प्रतिनिधियों की कुलपति और कुलसचिव से वार्ता के बाद यूनिवर्सिटी ने इस विषय की संबद्धता देने पर सहमति जताई और बाकायदा इसके लिए कालेजों से आवेदन भी मांगने की प्रक्रिया शुरू कर दी। कुलसचिव डॉ. साहिब लाल मौर्य ने बताया कि 10 मई तक आवेदन करने वाले कालेजों को संबद्धता प्रदान करने पर विचार किया जाएगा। बता दें कि अब तक यूनिवर्सिटी के सारे कालेजों में शारीरिक शिक्षा को अनिवार्य विषय के रूप में लागू किया गया है लेकिन इसकेे अंक नहीं जुड़ते। वो व्यवस्था तो लागू रहेगी लेकिन अब यूनिवर्सिटी के विद्यार्थी स्नातक स्तर पर चार विषयों में से एक विषय के रूप में शारीरिक शिक्षा को वैकल्पिक विषय के रूप में चुन सकेंगे। यूनिवर्सिटी के नियमानुसार इसके बाद ही वह बीपीएड करने के लिए अर्ह माने जाएंगे। कुलसचिव ने बताया कि अब यूनिवर्सिटी में शारीरिक शिक्षा विषय की बोर्ड ऑफ स्टडीज का गठन भी करेंगे। इसका सिलेबस भी बनाया जाएगा। इसके लिए रूटा के पदाधिकारियों ने यूनिवर्सिटी प्रशासन का आभार जताया।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें