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पंकज ने एक ही तमंचे से मारी थीं भाई-बहन को गोलियां

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आरोपी पंकज शर्मा। - फोटो : अमर उजाला, बरेली
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शातिर बोला- तमंचा भी शोभित ने दिया था, पिता और भाई भी नामजद, थाने में बैठाया

बरेली। गुसाई गौंटिया में फायरिंग मामले में नई बातें सामने आ रही हैं। पीड़ित पक्ष ने आरोपी समेत उसके पिता व भाई के खिलाफ भी रिपोर्ट कराई तो पुलिस ने उन्हें भी थाने में बैठा लिया। पूरे घटनाक्रम में एक ही तमंचे से फायरिंग की बात सामने आ रही है तो पंकज अपने बयान बदलकर खुद शोभित को कटघरे में खड़ा करने की कोशिश में है।
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गुसाई गौंटिया में पंकज शर्मा नाम के युवक ने मंगलवार रात ताबड़तोड़ फायरिंग करके दहशत फैला दी थी। उसने मजाकिया कमेंट करने पर अपने पुराने दोस्त शोभित और मेडिकल स्टोर पर शोभित के साथ बैठी उसकी बहन सोनम को गोली मार दी थी। बाद में पंकज ने जोगी नवादा चौकी जाकर तमंचा पुलिस को सौंप दिया था। पुलिस उसे बारादरी थाने ले आई थी। देर रात शोभित के पिता धर्मेंद्र पाल ने पंकज के साथ ही उसके रिटायर्ड रेलकर्मी पिता रामशरण और छोटे भाई सोनू शर्मा के खिलाफ जानलेवा हमले की रिपोर्ट करा दी। बताया कि पिता और भाई बी घटना के वक्त घर में मौजूद थे। पुलिस ने इन दोनों को भी थाने बुलाकर बैठा लिया। चर्चा थी कि शोभित ने घटना के वक्त दो तमंचों से फायरिंग की पर मेडिकल रिपोर्ट, पुलिस जांच में यह साबित नहीं हुआ। खुद आरोपी के मुताबिक उसने 315 बोर के एक ही तमंचे से फायर किए गए। अपने बचाव में शातिर पंकज ने यहां तक कहा कि दोस्ती के दिनों में यह तमंचा भी शोभित ने ही उसे लाकर दिया था।

फेफड़े को चीरकर निकली गोली, खतरा बरकरार

निजी अस्पताल में भर्ती सोनम की हालत में तो सुधार है पर शोभित को खतरा बना हुआ है। सीनियर सर्जन डॉ. विनोद पागरानी ने ऑपरेशन करके लगातार बह रहे खून का रिसाव रोक दिया है। डॉक्टर ने बताया कि गोली शोभित के फेफड़े को चीरती हुई पार हुई है। वहीं, एक बुलेट सोनम के माथे से घिसटती हुई निकल गई है। बुधवार को दोनों को हल्का होश आने पर इंस्पेक्टर बारादरी ने उनके बयान दर्ज किए।

खुद ही लगाई होगी घर में आग

घटना के बाद आरोपी पंकज के घर के बाहरी हिस्से में आग लगा दी गई थी। कहा जा रहा था कि शोभित पक्ष की गुस्साई भीड़ ने यह हमला किया। शोभित के चाचा धीरेंद्र श्रीवास्तव ने बताया कि उनके परिवार के लोग तो घायल बच्चों को लेकर अस्पताल निकल गए थे। उनके पक्ष के किसी व्यक्ति ने यह नहीं किया। हो सकता है कि आरोपी पक्ष ने ही कहानी बनाने को यह कर लिया हो। उन्होंने कहा कि पंकज के पिता और भाई भी बराबर के भागीदार हैं। पुलिस उन्हें छोड़ने में लगी है।
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