बरेली। डीएम ने बृहस्पतिवार को अचानक कलक्ट्रेट के विभिन्न दफ्तरों का मुआयना किया। इस दौरान उन्होंने राजस्व अभिलेखागार में खतौनी रिकार्ड को देखकर नाराजगी जाहिर की। उन्होंने स्टाफ को निर्देशित किया कि राजस्व विभाग से बजट की डिमांड कर रिकार्डों की जल्द से जल्द बाइंडिंग कराने के निर्देश दिए। इसके अलावा उन्होंने कलक्ट्रेट में गंदगी और जलभराव का देखकर भी असंतोष जाहिर किया। उन्होंने कलक्ट्रेट में डस्टबिन रखवाने और सफाई व्यवस्था सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए।
डीएम नितीश कुमार को डीएम ने नजारत के बाद रिकार्ड रूम को चेक किया। उन्होंने स्टाफ से रिकार्डों के रखरखाव के बारे में पूछताछ की। स्टाफ ने बताया कि सारी औपचारिकता पूरी कराने के बाद ही खसरा-खतौनियों की कॉपी दी जाती हैं। इसके बाद उन्होंने चकबंदी कार्यालय की तरफ जलभराव और ट्रेजरी के पीछे गली में काफी गंदगी देखकर निर्देशित किया कि यहां डस्टबिन की व्यवस्था कराएं। रोज सफाई के साथ यह सुनिश्चित करें कि यहां जलभराव न होने पाए। इसके बाद उन्होंने सिटी मजिस्ट्रेट और एफएसडीए के दफ्तर को भी चेक किया। उन्होंने खाद्य सुरक्षा के स्टाफ से चेकिंग और खाद्य नमूनों के बारे में भी जानकारी ली।
सीटीओ साहब..आठ लाख से क्या हो रहे काम
कलेक्ट्रेट का मुआयना करने के दौरान डीएम ने ट्रेजरी दफ्तर के भी सभी पटलों को चेक किया। उन्होंने चीफ ट्रेजरी आफिसर अनवर अहमद से पूछा कि दफ्तर को ठीक कराने के लिए आठ लाख मिले हैं। उससे कौन से काम हो रहे हैं। सीटीओ ने बताया कि पीडब्ल्यूडी को मरम्मत का ठेका दिया है। निरीक्षण के दौरान डीएम ने सीटीओ के रूम में बिछाई जा रही टाइल्स को देखा। इसके बाद उन्होंने ट्रेजरी में कई जगहों पर टाइल्स और रंगाई-पुताई कराने के निर्देश दिए।