बिथरी चैनपुर। गांव मानपुर भगवतीपुर राजाराम में शादी वाले घर में विदाई से पहले अचानक खपरैल गिर पड़ी। हलवाई तिलहर निवासी संजीव की उसमें दबकर मौत हो गई और दर्जन भर लोग घायल हो गए। हादसे के चलते विदाई दोपहर बाद हो सकी।
मानपुर भगवतीपुर राजाराम गांव में शुक्रवार को हरिशंकर यादव की बेटी की बरात बिशारतगंज क्षेत्र से आई थी। शनिवार सुबह करीब छह बजे विदाई की तैयारियां चल रही थीं और घर में पड़ी खपरैल में नाश्ता बन रहा था। अचानक खपरैल भरभराकर गिर पड़ी और उसके नीचे नाश्ता बना रहे हलवाई तिलहर निवासी संजीव, उनके साथी प्रदीप, सूरज, राहुल और अतुल दब गए। बरसात के चलते वहां बैठे हरिशंकर का बेटा चरण सिंह, दामाद भमोरा के गांव रुद्रपुर निवासी विनोद यादव, उनकी बेटी तीन वर्षीय कोमल, बिशारतगंज के गांव भेटा निवासी दूसरे दामाद वीरेश और सुनीता आदि भी खपैरल के मलबे में दब गए। वहां मौजूद लोगों ने मलबा हटाकर उसमें दबे लोगों को बाहर निकाला मगर तब तक हलवाई संजीव की मौत हो चुकी थी। अन्य सभी घायलों को निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने संजीव के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
शादी वाले घर में मची चीखपुकार
परिवार वालों के मुताबिक, बरात घर से कुछ दूरी पर रोकी गई थी लेकिन खाना बनाने का इंतजाम घर में ही किया गया था। बरसात के चलते कुछ लोग वहां आकर सो गए थे। वहीं घर में हंसी-खुशी से विदाई की तैयारी चल रही थी। इसी बीच खपरैल गिरी तो वहां सो रहे लोग भी उसकी चपेट में आ गए। इससे वहां चीखपुकार मच गई और अफरातफरी का माहौल बन गया। अन्य कार्यों में व्यस्त घर में मौजूद सभी लोग खपरैल की ओर दौड़ पड़े। जल्दी-जल्दी मलबा हटाकर घायलों को वहां से निकालकर अस्पताल भिजवाया गया लेकिन शादी वाले घर में हलवाई की मौत होने से खुशी का माहौल मातम में तब्दील हो गया।