श्यामगंज मंडी का निरीक्षण करते कमिशनर और डीआईजी।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, बरेली
एडीजी-कमिश्नर, डीआईजी और एसएसपी समेत पूरी अफसरशाही सड़कों पर
लॉकडाउन के बंधन ढीले पड़ने लगे हैं। सोमवार को मंगलवार को भी शहर में चिंता पैदा करने वाले नजारे दिखे। वैसे तो सरकार ने 20 अप्रैल से सिर्फ सरकारी दफ्तरों और कुछ उद्योगों को शर्तों के साथ शुरू कराने की इजाजत दी है लेकिन दो दिन लगातार सड़कों पर जिस तरह चहल-पहल दिखी, उससे ऐसा लगा कि जैसे लोगों ने अपने लिए भी लॉकडाउन की पाबंदियों का अंत मान लिया हो। कोई न कोई बहाना लिए जब तमाम लोग बाहर निकल आए तो परेशान हुए अफसरों ने सख्ती की। लॉकडाउन पर सख्ती के लिए शहर के अंदरूनी रास्तों पर नाकाबंदी करा दी गई। कई प्रमुख रास्तों पर बैरियर लगाकर आवागमन पूरी तरह रोक दिया गया। आने-जाने वाले लोगों से पूछताछ शुरू कर दी गई। एडीजी, कमिश्नर, डीआईजी और एसएसपी समेत तमाम अधिकारी भी सड़कों पर हालात का जायजा लेते नजर आए।
एडीजी सख्त.. शहर के चौराहों पर लगे 30 बैरियर, कई रास्ते सील
बरेली। दो दिन से लगातार शहर की सड़कों पर आवाजाही बढ़ते देख मंगलवार को अफसरों ने शहर में और सख्ती बढ़ा दी। तमाम चौराहों पर 30 बैरियर लगाकर चेकिंग शुरू कर दी। कुछ रास्तों को सील भी कर दिया गया। खुद शहर का मुआयना करने निकले एडीजी जोन अविनाश चंद्र श्यामगंज में दुकानों पर भीड़भाड़ देखकर भड़क गए। उन्होंने दुकानों को जरूरत के मुताबिक ही खुलवाने और किसी भी हालत में भीड़ इकट्ठी न होने देने का निर्देश दिया।
लॉकडाउन के बावजूद लोगों में बेपरवाही बढ़ते देख मंगलवार को पुलिस-प्रशासन ने शहर में और सख्ती बढ़ा दी। अफसरों के निर्देश के बाद पुलिस ने ईंट पजाया चौराहा, संजयनगर तिराहा, श्यामगंज चौराहा, सेटेलाइट चौराहा समेत कई और रास्तों पर बैरियर लगाकर चेकिंग शुरू कर दी। चौराहों से गुजरे हर वाहन की चेकिंग के साथ उनमें सवार लोगों से पूछताछ की गई। ईंट पजाया से मूर्ति चौक जाने वाले रास्ते के साथ कई और रास्तों को पूरी तरह बंद कर दिया गया। इस बीच दोपहर के वक्त अचानक एडीजी भी शहर में निकल पड़े। हॉटस्पॉट रहे सुभाषनगर में दौरा करने के बाद उन्होंने नगर निगम के कम्युनिटी किचन और तहसील सदर का जायजा लिया। फिर शहर के चौराहों का हाल देखते हुए श्यामगंज पहुंचे जहां कई दुकानें खुली हुई थीं और उन पर भीड़ भी लगी हुई थी। एडीजी ने इस पर साथ चल रहे एसपी सिटी रविंद्र कुमार पर नाराजगी जताई। निर्देश दिया कि नियमों के मुताबिक सिर्फ जरूरी दुकानों को खुलवाया जाए। लोग दूरी बनाए रखते हुए लाइन में खड़े होकर सामान लें। एडीजी की नाराजगी के बाद कई और इलाकों में बैरियर लगाकर सख्ती बढ़ा दी गई।
बहाने न सुने पुलिस, ठोस कारण हो तभी दे छूट
श्यामगंज के बाद एडीजी ने डेलापीर मंडी की ओर निकल गए। रास्ते में बैरियरों और चौराहे पर तैनात पुलिस फोर्स को निर्देश दिया कि यह पहचानने में कोई दिक्कत नहीं है कि कौन बहानेबाजी कर रहा है और किसको वास्तव में समस्या है। लोगों से पूछताछ कर उसकी जरूरत समझें। अति आवश्यक काम से निकले लोगों को ही जाने दें और बाकी को वापस घर जाने को कहें। उन्होंने पुलिसकर्मियों को अपने स्वास्थ्य के प्रति भी सचेत रहने को कहा।
सख्ती बढ़ी तो उड़ने लगीं अफवाहें
शहर में जगह-जगह अवरोध लगाकर चेकिंग शुरू किए जाने से शहर में अफवाहों का बाजार गर्म हो गया। पूरे दिन कई इलाकों में कोरोना संक्रमित मिलने के साथ संवेदनशील मोहल्लों में बवाल होने की अफवाहें उड़ती रहीं। सुबह गंगापुर और प्रेमनगर में कोरोना संक्रमित मिलने की अफवाह फैल गई। इससे इन इलाकों में हड़कंप मच गया। कई जगह लोग दुकानें बंद कर घर चले गए। पुराना शहर के सैलानी समेत कई इलाकों में बवाल होने की अफवाह भी उड़ी। माहौल गरमाते देख पुलिस ने इन इलाकों में गश्त कर लोगों को समझाया।
श्यामगंज पर सबसे कड़ी नजर, एडीजी के बाद कमिश्नर और डीआईजी भी पहुंचे
दोपहर के वक्त कमिश्नर रणवीर प्रसाद और डीआईजी राजेश कुमार पांडेय भी श्यामगंज पहुंचे। इससे बाजार में अफरातफरी मच गई। दुकानदारों के शटर गिराने के साथ सामान खरीद रहे लोग भी खिसकने शुरू हो गए। डीआईजी ने कई दुकानदारों को फुटकर में सामान बेचने, भीड़ लगाने और स्वयं मास्क न लगाने पर कार्रवाई की चेतावनी दी। इसके बाद गंगापुर पहुंचे तो वहां भी सामान खरीद रहे लोगों में भगदड़ मच गई। लौटते समय एक दुकानदार के दुकान बंद करने पर उन्होंने कारण पूछा तो उसने बताया कि ग्राहक ही नहीं हैं। इसके बाद दोनों अधिकारी डेलापीर मंडी, कोहाड़ापीर और कुतुबखाना पहुंचे जहां सब सामान्य था। डीआईजी ने कहा कि गलियां बंद होने से श्यामगंज में भीड़ कम हुई है। गली मुहल्लों की दुकानों पर भी सामान मिल रहा है। लिहाजा सिर्फ थोक दुकानदार श्यामगंज बाजार आएं।
जोन के नौ जिलों में 69 बैरियर नेपाल सीमा पर भी नाकाबंदी
जोन के नौ जिलों के प्रमुख मार्गों पर 69 बैरियर लगाकर एक से दूसरे जिलों के बीच आवाजाही रोकी जा रही है। पीलीभीत के हजारा और माधोटांडा क्षेत्र में नेपाल से जुड़ी अंतरराष्ट्रीय सीमा पर भी दो बैरियर लगाए गए हैं। 22 अंतर्राज्यीय और 45 अंतर जनपदीय बैरियर लगे हैं।
शहर की सीमा के अंदर 30 बैरियर लगाए गए हैं। कई संपर्क मार्ग पूरी तरह बंद किए गए हैं। लोगों को समझाया जा रहा है कि वे फिजूल में न घूमें। जरूरत का सब सामान घर के पास ही मिल जाएगा। - रविंद्र कुमार, एसपी सिटी