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बच्चा चोर गिरोह: आईवीएफ सेंटरों से मिला आरोपी नर्स सीता का कनेक्शन, बरेली पुलिस ने शुरू की जांच

Mon, 01 Jun 2026 12:46 AM IST
बरेली ब्यूरो अमर उजाला ब्यूरो, बरेली

सार

बरेली में पकड़े गए बच्चा चोरी गिरोह की पड़ताल में नर्स सीता का प्रदेश के कई आईवीएफ सेंटरों से जुड़ाव मिला है। सीता को जेल भेजा गया है। उसके मोबाइल और बैंक खातों की जांच जारी है।
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पुलिस ने किया था बच्चा चोर गिरोह का खुलासा। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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प्रदेश के कई जिलों में बच्चा चोरी का नेटवर्क चलाने वाले गिरोह की पड़ताल में लगातार नई चीजें सामने आ रही हैं। कई शहरों के आईवीएफ सेंटरों से बरेली के मेडिकल कॉलेज की नर्स सीता के कनेक्शन का इनपुट मिला है। जांच टीम और भी खुलासे कर सकती है।
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बरेली के आंवला के मनौना श्याम मंदिर से बच्चा चोरी होने के बाद बड़े नेटवर्क का खुलासा हुआ है। इसमें निजी अस्पताल, क्लीनिक, झोलाछाप और नर्सों का सिंडीकेट शामिल है। अब इससे भी आगे बढ़कर मामला आईवीएफ सेंटरों तक जा पहुंचा है।

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बदायूं जिले की निवासी और बरेली के निजी मेडिकल कॉलेज की नर्स सीता को जेल भेजने के साथ ही उसके मोबाइल फोन और बैंक खातों की पड़ताल की जा रही है। रविवार को अवकाश के बावजूद सर्विलांस सेल की मदद से पुलिस की जांच आगे बढ़ी तो शहर के आईवीएफ सेंटरों के अलावा प्रदेश के कुछ अन्य शहरों के सेंटरों से सीता का जुड़ाव मिला है।
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जरूरत के आधार पर तय होती है कीमत, लड़कों की मांग ज्यादा
आरोपी नर्स सीता का गिरोह लोगों की जरूरत के आधार पर बच्चों की कीमत तय करता है। सूत्रों के मुताबिक, अस्पतालों में हो रहे प्रसव व अनचाहे बच्चों के मामलों पर गिरोह नजर रखता है। कई बेहद गरीब दंपती को बच्चों की जरूरत नहीं होती। ऐसे में प्रसव के बाद वह बच्चों को सक्षम लोगों को देने से गुरेज नहीं करते। 

कई मामलों में तो ऐसे अभिभावक बच्चों को देने के बदले कुछ लेना भी गलत समझते हैं, जबकि कुछ अभिभावकों को मामूली रकम देकर भेज दिया जाता है। ऐसे में आईवीएफ सेंटरों पर चक्कर लगाने वाले अभिभावक बिना किसी झंझट के मोटी रकम देेकर नवजात बच्चा पाने में ज्यादा भरोसा करते हैं। 

उनकी आर्थिक हालत के आधार पर ही बच्चे की कीमत तय की जाती है। सर्वाधिक मांग व कीमत लड़के की होती है। सीता और उसके गिरोह के सदस्य भी लड़का चोरी करने और बेचने में ज्यादा मुनाफा पाते थे। जिन तीन बच्चों को बेचने के प्रमाण मिले हैं, वे तीनों लड़के ही हैं।
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