एमजेपी रुहेलखंड विश्वविद्यालय के छात्रों के लिए अच्छी खबर है। अगर वह मूल्यांकन से संतुष्ट नहीं हैं तो वह अपनी कॉपी का पुनर्मूल्यांकन करा सकेंगे। राजभवन के निर्देश पर विश्वविद्यालय इस व्यवस्था को लागू करने की तैयारी कर ली गई है। इस आशय का प्रस्ताव परीक्षा समिति में रखा जाएगा। परीक्षा समिति की मंजूरी मिलने के बाद इसी सत्र से इसे लागू कर दिया जाएगा।
परीक्षा के नतीजे आने के बाद विश्वविद्यालय के छात्र अक्सर मूल्यांकन पर उंगली उठाते रहे हैं। स्क्रूटनी या आरटीआई के माध्यम से वे कॉपी तो देख सकते हैं, लेकिन पुनर्मूल्यांकन नहीं करा सकता। प्रदेश के कई अन्य विश्वविद्यालयों में चैलेंज इवैल्यूएशन की व्यवस्था है यानी अगर छात्र को मूल्यांकन पर आपत्ति है तो वह जमानत राशि जमा कराके अपनी कॉपी का पुनर्मूल्यांकन करा सकता है। राजभवन ने पत्र जारी कर अन्य विश्वविद्यालयों को भी यह व्यवस्था लागू करने के निर्देश दिए हैं। एमजेपी रुहेलखंड विश्वविद्यालय भी इसे लागू करने की तैयारी में है। अगर छात्र कॉपी चेक कराना चाहता है तो उसको जमानत राशि के रूप में तीन हजार रुपये जमा करने होंगे। अगर उसकी आपत्ति सही पाई गई तो कॉपी का पुनर्मूल्यांकन होगा और छात्र को जमानत राशि का 2500 रुपये वापस कर दिया जाएगा। पांच सौ रुपये विवि काट लेगा। हालांकि इसपर विचार चल रहा है कि कितने फीसदी आपत्ति सही पाए जाने पर जमानत राशि पूरी जब्त की जाएगी यानी अगर 10 या 15 फीसदी ही आपत्ति सही है तो जमानत राशि जब्त कर ली जाएगी। परीक्षा समिति में यह प्रस्ताव रखा जाएगा और मंजूरी मिलने के बाद इसे लागू करा दिया जाएगा।
कई बार छात्र स्क्रूटनी या आरटीआई के जरिये कॉपी देखते हैं और उनकी आपत्ति सही निकलती है। राजभवन भी चाहता है कि अगर छात्र मूल्यांकन से संतुष्ट नहीं है तो री-चेक के लिए चैलेंज कर सकता है। प्रस्ताव को परीक्षा समिति में रखा जाएगा। मंजूरी मिलने के बाद इसे लागू कर दिया जाएगा। -महेश कुमार, परीक्षा नियंत्रक