कार्यशाला में खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग के अधिकारियों ने व्यापारियों को दी जानकारी
बरेली। सिटी प्वाइंट कांफ्रेंस हॉल में बृहस्पतिवार को आयोजित कार्यशाला में खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग के अधिकारी और व्यापारी शामिल हुए। इसमें अंडा व्यापारियों को बताया गया कि अब पैक्ड फूड आइटम की तरह ही अंडाें का भी विक्रय रहेगा। व्यापारियों के बीच नियमों का अनुपालन कराने के लिए शुरुआती दौर में एफएसएसएआई ने छह महीने की छूट मिलने की भी बात बताई गई। अंडा उत्पादकों, थोक विक्रेताओं एवं वितरकों को खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के बारे में बताया।
कार्यशाला में सहायक आयुक्त (खाद्य)-द्वितीय अपूर्व श्रीवास्तव ने व्यापारियों को बताया कि अंडा का विक्रय भी अब पैक्ड फूड आइटम की तरह होगा। निर्माता, उत्पादक एवं वितरकों को बाजार में विक्रय करने के लिए भेजे जाने वाले अंडों को निश्चित नियम के अनुसार ही पैकिंग करेंगे। उस पर व्यापारिक प्रतिष्ठान का पता, एफएसएसएआई (भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण) लाइसेंस नंबर, अंडों की संख्या, खुदरा बिक्री मूल्य, कोड या लाट नंबर, उत्पादन या पैकिंग और उपयोग तिथि का उल्लेख करना अनिवार्य है। इसके साथ खाद्य एवं पैक खोलने के बाद भंडारण की शर्तों का उल्लेख करना भी अनिवार्य होगा। साथ ही कस्टमर केयर नंबर भी अंकित किया जाना आवश्यक है। सहायक आयुक्त खाद्य ने व्यापारियों से कहा कि विनियम का पालन सुनिश्चित करने के लिए एफएसएसएआई की ओर से छह महीने का समय दिया गया है। इसके बाद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम का अनुपालन न करने वालों पर खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत कार्रवाई की जाएगी।
मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी अक्षय गोयल ने व्यापारियों को पैकिंग करने के संबंध में जानकारी दी। खाद्य सुरक्षा अधिकारी पीके राय, सुशील सचान, अनिल प्रताप सिंह, तेज बहादुर सिंह, कमलेश कुमार शुक्ल भी थे। इस मौके पर समय-समय पर दिशा-निर्देशों की जानकारी देने के लिए खाद्य सुरक्षा अधिकारी जितेंद्र कुमार ने व्यापारियों का व्हाट्सएप ग्रुप भी बनाया। संवाद