बरेली। निरीक्षण के दौरान संयुक्त कृषि निदेशक डीवी सिंह को खाद-बीज की पांच दुकानों पर रेट बोर्ड लगा नहीं मिला। न ही दुकानदार उन्हें खाद-बीज भंडारण और बिक्री के दस्तावेज दिखा पाए। पीओएस मशीन भी काम करती नहीं मिली। बिना पीओएस मशीन के ही खाद बांटी जा रही थी। विक्रेताओं को नोटिस जारी किए गए हैं। वहीं, जिला कृषि अधिकारी ने खाद विक्रेता आईएफएफडीसी का लाइसेंस निरस्त किया है।
फतेहगंज पश्चिमी क्षेत्र में गुरुवार दोपहर संयुक्त कृषि निदेशक ने खाद-बीज की कई दुकानों में भंडारण-बिक्री आदि का सत्यापन किया। इस बीच श्याम फर्टिलाइजर, दीप्ति खाद भंडार, बालाजी बीज भंडार, साहू खाद ट्रेडर्स और पप्पू मौर्या बीज भंडार में उन्हें अनियमितताएं मिलीं हैं। यह दुकानदारों बिना पीओएस मशीन के ही खाद-बीज बांट रहे थे। मशीनें खराब बताईं गईं। खाद-बीज का भंडारण भी उचित नहीं पाया गया। संयुक्त कृषि निदेशक की मांग पर दुकानदार उन्हें खाद-बीज के भंडारण और बिक्री संबंधी अभिलेख भी नहीं दिखा सके। इनकी दुकानों पर खाद-बीज रेट का कोई बोर्ड भी नहीं लगा था। इस पर इन विक्रेताओं को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। संयुक्त कृषि निदेशक ने बताया कि यदि इन दुकानदारों का जवाब संतोषजनक नहीं होगा तो उनके लाइसेंस निरस्त करने की कार्रवाई की जाएगी। संवाद
किसान सेवा केंद्र खाद के साथ बेच रहा था अतिरिक्त उत्पाद
फतेहगंज पश्चिमी में ठेरिया खेत का इंडियन फार्म फॉरेस्ट्री डेवलपमेंट कोऑपरेटिव लिमिटेड (आईएफएफडीसी) कृषक सेवा केंद्र खाद के साथ ही किसानों को अन्य उत्पाद खरीदने को विवश कर रहा था। इस मामले में किसानों की शिकायत पर जिला कृषि अधिकारी ऋतुषा तिवारी ने खाद भंडारण एवं बिक्री का लाइसेंस निरस्त कर दिया है। उन्होंने बताया कि किसानों की शिकायत पर मामले की जांच की गई थी। शिकायत सही मिली तो कारण बताओ नोटिस दिया गया था। जवाब संतोषजनक न होने पर उसका लाइसेंस निरस्त किया है।
जिले में मौजूद है 2.57 लाख बोरी यूरिया
जिला कृषि अधिकारी ऋतुषा तिवारी ने बताया कि जिले में खाद का अभाव नहीं है। वर्तमान में सभी 142 सहकारी समितियों और 900 से अधिक निजी केंद्रों पर 2.57 लाख बोरी यूरिया खाद उपलब्ध है। इसी तरह 1.35 लाख बोरी डीएपी, 1.18 लाख बोरी एनपीके खाद बिक्री केंद्रों पर मौजूद है। म्यूरेट ऑफ पोटाश (एमओपी) 19,430 बोरी और सिंगल सुपर फॉस्फेट 66,360 बोरी खाद केंद्रों पर उपलब्ध है।