फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कम और गलत बिजली बिल बना रही बिलिंग एजेंसी को नोटिस

विज्ञापन
विज्ञापन
बरेली। बिजली बिलों की गुणवत्ता में लगातार हो रही गिरावट पर सख्ती शुरू हो गई है। जिले के प्रभारी और ऊर्जा मंत्री की फटकार के बाद शहरी क्षेत्र के वितरण खंड द्वितीय के एक्सईएन ने बिलिंग एजेंसी को नोटिस जारी किया है। नोटिस में बिलिंग की गुणवत्ता में सुधार न होने पर कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
विज्ञापन

कम उपभोक्ताओं के बिल बनने और बड़ी संख्या में गलत बिजली बिल बनाए जाने पर जनवरी में भी बिलिंग एजेंसी का भुगतान रोका गया था। इसके बावजूद स्थिति में कोई सुधार नहीं हुआ। जून में ही हजारों उपभोक्ताओं के बिल सीडीएफ, आरडीएफ समेत अन्य श्रेणियों में जारी कर दिए गए थे। बिजली बिलों की समीक्षा के दौरान यह मामला पकड़ में आया था। अधिकारियों की मानें तो एजेंसी के मीटर रीडर घरों से ही नहीं निकल रहे हैं। वे अंदाजे से बिजली बिन बना रहे हैं। शहरी क्षेत्र के विद्युत वितरण खंड द्वितीय में 43732 उपभोक्ताओं के सापेक्ष सिर्फ 32457 उपभोक्ताओं के ही बिल बनाए गए हैं।
एजेंसी ने 1169 उपभोक्ताओं की एक्सपेंशन सूची भी खंड कार्यालय को नहीं भेजी है। इन उपभोक्ताओं का गलत बिल दिखाया जा रहा है। एक्सईएन मुकेश कुमार ने बताया पिछले कई दिनों से बिलिंग एजेंसी को इसे लेकर मौखिक निर्देश दिए जा रहे थे। इसके बाद भी स्थिति में कोई सुधार नहीं हुआ। बार-बार चेतावनी के बावजूद बिलिंग एजेंसी के मीटर रीडर्स की लापरवाही थमने का नाम नहीं ले रही है। गलत बिल बनने या बिल न बनने से उपभोक्ताओं को बेवजह परेशान होना पड़ता है। बिलिंग में सुधार न होने पर एजेंसी को नोटिस जारी किया गया है। अगले महीने तक स्थिति में सुधार न होने पर बिलिंग एजेंसी का भुगतान रोकने समेत अन्य कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन

ऊर्जा मंत्री ने दिए थे निर्देश
पिछले दिनों शहर आए जिले के प्रभारी और ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा के सामने बिलिंग एजेंसी की लापरवाही का मामला उठाया गया था। इस दौरान ऊर्जा मंत्री ने चीफ इंजीनियर तारिक मतीन से नाराजगी जताते हुए तत्काल एजेंसी पर कार्रवाई कर बिलिंग प्रतिशत में सुधार लाने के निर्देश दिए थे। ऊर्जा मंत्री ने स्पष्ट आदेश दिए थे कि सही बिल समय पर उपभोक्ता को उपलब्ध कराना विभागीय अधिकारियों की जिम्मेदारी है। ऊर्जा मंत्री के शहर से जाने के चंद रोज बाद ही एजेंसी ने जून में बड़े पैमाने पर गलत बिल जारी कर दिए थे।
गलत बिल मिलने से परेशान होते हैं उपभोक्ता
गलत बिजली बिल या फिर बिल न मिलने की दशा में उपभोक्ताओं को तमाम दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। बिल न मिलने की वजह से उपभोक्ताओं के ऊपर लगातार बकाया बढ़ता जाता है। 10 हजार से अधिक बकाया होने पर जब अधिकारी कनेक्शन काटने पहुंचते हैं तब उपभोक्ता को बकाये की जानकारी होती है। गलत बिल आ जाने पर उसे सही कराने में उपभोक्ताओं के पसीने छूट जाते हैं। उन्हें बाबुओं के शोषण का भी शिकार होना पड़ता है।
वर्जन:
ऊर्जा मंत्री के निर्देशानुसार बिलिंग प्रतिशत सुधारने के प्रयास किए जा रहे हैं। वितरण खंड द्वितीय में बड़े पैमाने पर उपभोक्ताओं के बिल न बनाए जाने पर एजेंसी को नोटिस दिया गया है। सुधार न होने पर एजेंसी के विरुद्घ कार्रवाई भी की जाएगी। - विकास सिंघल, एसई शहर
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें