रेलवे बोर्ड से मंजूरी के बाद काम शुरू हो जाएंगे। इसी क्रम में डीआरएम दो बार दौरा कर चुके हैं। एडीआरएम एनएन सिंह ने अभियंताओं की टीम के साथ बुधवार को प्लेटफार्मों को विस्तार देने व नए ट्रैक बनाए जाने की जरूरत को लेकर निरीक्षण किया। अधिकारियों से फीडबैक लिया।
यह काम हैं प्रस्तावित
- ट्रैकों की मौजूदा लंबाई में अधिकतम 22 कोच की ट्रेन खड़ी हो पाती है। आने वाले समय में 24-25 कोच तक की ट्रेन खड़ी करने के लिए प्लेटफार्म पर ट्रैक की लंबाई की बढ़ाई
- जाएगी।
- गाड़ियों की मेंटेनेंस के लिए पुरानी वाशिंग लाइन को खत्म करके नई वॉशिंग लाइन बनाई जाएगी।
- गुड्स प्लेटफार्म का कायाकल्प होगा। वाहनों के आने जाने के लिए सड़क बनेगी।
- जंक्शन की मेन इमारत सरकुलेटिंग एरिया में लिफ्ट की सुविधाओं कम से कम मंजिल बनेगी।
(इन प्रस्तावों पर विचार विमर्श और आकलन करके फिजिबिलटी रिपोर्ट तैयार की जा रही है)
हादसे की वजहों खत्म करने की कवायद
प्लेटफार्म संख्या दो में 46 दिन में तीन हादसे हो चुके है। ट्रेन में चढ़ते वक्त गिरने से फौजी व एक अन्य युवक की की जान जा चुकी है। एक छात्रा का पैर कुचल गया है। इन तीन घटनाओं के बाद चेते अफसरों ने प्लेटफार्म को ऊंचा करने तथा मानक के अनुरूप बनाने के लिए आकलन किया है। जल्दी ही काम शुरू हो सकता है।