अलखनाथ, त्रिवटीनाथ और वनखंडीनाथ मंदिर में वैदिक पुस्तकालय होंगे। इसमें वेद, पुराण, उपनिषद रखे जाएंगे। पुस्तकालय में इनकी डिजिटल कॉपी भी होगी। पढ़ने के साथ ही आप इसे देख भी सकते हैं। इसकी तैयारी शुरू कर दी गई है।
250 लोग एक साथ कर सकेंगे रुद्राभिषेक
अफसरों का दावा है कि सातों नाथ मंदिरों में मल्टीपरपज हॉल का निर्माण कराया जाएगा। इसमें भंडारा, रुद्राभिषेक और अन्य कर्मकांड की व्यवस्था होगी। इसके अलावा प्रथम तल पर 250 लोग एक साथ सत्संग, रुद्राभिषेक व श्रीशिव महापुराण कथा आदि कर सकेंगे। अलखनाथ मंदिर के साथ ही तुलसी स्थल का भी विकास कराया जाएगा।
मंदिरों की ओर जाने वाली सड़कों पर काम शुरू
मंडलायुक्त सौम्या अग्रवाल ने बताया कि पहले चरण में सड़कों को छह लेन करने का काम शुरू कर दिया गया है। सेटेलाइट से इन्वर्टिस तिराहा, डेलापीर आदिनाथ तिराहे से बैरियर टू पुलिस चौकी तक छह लेन सड़क बनाई जा रही है।
मिनी बाईपास से झुमका तिराहा, हरुनगला से बीसलपुर रोड और चौपुला चौराहा से जुए की पुलिया तक फोरलेन सड़क का निर्माण हो रहा है। बड़ा बाईपास से अब्दुल्लापुर माफी, एग्जीक्यूटिव क्लब होते हुए वनखंडीनाथ मंदिर के लिए भव्य सड़क का निर्माण प्रस्तावित है। इससे पीलीभीत व बड़ा बाईपास से आने वाले श्रद्धालु सीधे वनखंडीनाथ के दर्शन करने आ सकेंगे।