अब निगम की ओर से चौराहों पर अतिक्रमण के खिलाफ अनाउंसमेंट भी शुरू हो गया है। इसमें वह अब कैमरे की नजर से कार्रवाई करेगी। वहीं देखा जाएगा किस रोड पर कितना अतिक्रमण है, वहां बिना रोस्टर और पूर्व सूचना के निगम की टीम पहुंचेगी। इसके अलावा टीम में शामिल लोगों को भी इसकी जानकारी नहीं होगी कि उन्हें जाना कहां हैं?
यहां जाने से कतरा रहा है निगम
निगम के लिए अतिक्रमण में सबसे बड़ी चुनौती वार्ड एक के मुन्ना कबाड़ी द्वारा कब्जा किया सरकारी शौचालय है। इसको लेकर महापौर उमेश गौतम, नगर आयुक्त संजीव कुमार मौर्य से लेकर तमाम अधिकारियों ने निर्देश दिए हैं। इतना ही नहीं एफआईआर के भी आदेश अफसरों को दिए गए, लेकिन निगम की टीम व मौजूदा पार्षद पर हमला करने वाले मुन्ना कबाड़ी की ओर जाने की अफसर और अतिक्रमण दल हिम्मत नहीं जुटा रहा है।
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नगर आयुक्त संजीव कुमार मौर्य ने बताया कि अतिक्रमण के खिलाफ अभियान जारी रहेगा। इसको लेकर कोई कोताही नहीं बरती जाएगी। मुन्ना कबाड़ी का मामला भी कई दिनों से मेरे सामने आया है। इसमें भी फोर्स के साथ कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।