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Bareilly News: बचत खाते में कम ब्याज, ग्राहक को लुभा रही एसआईपी

Mon, 23 Jun 2025 01:41 AM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
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बरेली। बचत खातों पर मिलने वाले ब्याज की दरों में लगातार कटौती से ग्राहक उसमें बड़ी रकम रखने से कतराने लगे हैं। बैंक अधिकारी भी इस बात को स्वीकार करते हैं कि ग्राहक अब उन विकल्पों की ओर रुख कर रहे हैं, जहां बेहतर रिटर्न मिलने की संभावना है। शहर के कई ग्राहक सिस्टमेटिक इन्वेस्टमेंट प्लान (एसआईपी) में निवेश कर रहे हैं।
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बैंकिंग विशेषज्ञ अखिल कुमार का मानना है कि यह बदलाव बचत खातों पर कम ब्याज दरों के कारण है। बचत खाते पर 2.70 से 3.50 प्रतिशत तक का साधारण ब्याज मिल रहा है, जबकि महंगाई दर इससे अधिक रहती है। ऐसे में ग्राहक अपनी पूंजी बढ़ाने के लिए अधिक आकर्षक निवेश के विकल्प तलाश रहे हैं। वित्तीय वर्ष 2024-25 में जिले में जमा धनराशि का आंकड़ा 3627405.28 लाख रुपये था। हाल ही में देश के कई नामी बैंकों ने ब्याज दरों में कटौती की है। ऐसे में ग्राहक अब म्यूचुअल फंड के सिस्टमैटिक इन्वेस्टमेंट प्लान (एसआईपी), फिक्स्ड डिपॉजिट (एफडी) और यहां तक कि शेयर बाजार में भी निवेश कर रहे हैं। इनमें अधिक रिटर्न की संभावना होती है।
बैंकिंग विशेषज्ञों को मानना है कि एसआईपी ने पिछले कुछ वर्षों में सालाना 10-15 प्रतिशत तक का रिटर्न दिया है, जो बचत खाते के ब्याज से कहीं अधिक है। इस वजह से ग्राहक इसमें अधिक रकम निवेश कर रहे हैं। बैंक अधिकारी ने बताया पहले ग्राहक अपनी सारी रकम बचत खाते में रखते थे, लेकिन अब वे जागरूक हो गए हैं। वे समझते हैं कि रुपये को सिर्फ बैंक में रखने से उसका मूल्य कम हो रहा है। अब ग्राहक सलाह लेने आते हैं कि वे अपने रुपयों को कहां निवेश करें, ताकि उन्हें अधिक फायदा हो।
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कम दिन में ज्यादा ब्याज का लालच पड़ रहा भारी
बैंक में भले ही ग्राहकों को कम ब्याज मिल रहा हो, लेकिन उसकी रकम सुरक्षित है। ज्यादा ब्याज के लालच में लोग निजी कंपनियों में अपनी जमा पूंजी लगा रहे है। यूनियन बैंक स्टाफ एसोसिएशन के महामंत्री पीके महेश्वरी ने बताया कि कुछ दिन पहले ही शहर की अमर ज्योति यूनिवर्स निधि कंपनी ज्यादा ब्याज का लालच देकर करोड़ों रुपये की रकम लेकर भाग गई। ऐसी निजी कंपनियों पर बिल्कुल भी भरोसा न करें। अपनी रकम सरकारी उपक्रमों में ही निवेश करें।
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