उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर जिले के निगोही थाना इलाके में गर्रा नदी के किनारे बसे गांव कुकाहा महमूदापुर के बाहर तेंदुआ का शव पड़ा मिला है। वन विभाग अफसरों के मुताबिक मरने वाले तेंदुए की उम्र चार से पांच साल होगी। माना जा रहा है खेतों पर आवारा पशुओं को रोकने के लिए लगाए गए धारदार ब्लेड वाले तारों में उलझने से तेंदुए की मौत हुई होगी।
शव दो से तीन दिन पुराना होने की वजह से शरीर के घाव सूख चुके हैं। सोमवार दोपहर गर्रा नदी किनारे खेतों पर कुकहा महमूदपुर गांव के दो बच्चे जानवर चराने गए थे। वहां उन्होंने गौरीखेड़ा गांव निवासी विमल त्रिवेदी के खेत में पेड़ के नीचे तेंदुआ पड़ा देखा।
तेंदुए को जिंदा समझकर दोनों बच्चे डर गए और दौड़कर अपने गांव पहुंचे। उन्होंने तेंदुआ होने की सूचना गांव के युवक को दी। इसके बाद कई ग्रामीण एकत्र होकर मौके पर गए। गांव वालों ने निगोही पुलिस और वन विभाग को सूचना दी।
वन दरोगा अजय प्रताप सिंह टीम के साथ मौके पर पहुंचे और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। वन दरोगा अजय प्रताप ने बताया कि आसपास के खेतों में ब्लेड वाले तार लगे हुए हैं। तेंदुआ के शरीर पर घाव देखकर लग रहा है कि ब्लेड से तेंदुआ जख्मी हुआ होगा। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में स्थिति साफ होगी।