मदरसा संचालकों को किया जा रहा परेशान
सलमान मियां ने कहा कि बेसिक शिक्षा विभाग का मदरसों को नोटिस भेजना, मनमानी तरीके से मदरसों संचालकों पर दबाव बनाना है, ताकि मदरसा संचालक परेशान हों और शिक्षा को प्रभावित किया जाए। इस तरह मुस्लिमों को मुख्यधारा से अलग करने की कोशिश है।
उन्होंने कहा कि संविधान के आर्टिकल 29 में यह प्रावधान है कि भारत के किसी भी हिस्से में रहने वाले नागरिकों के किसी भी वर्ग की अपनी अलग भाषा, लिपि या संस्कृति है, उसे इसे संरक्षित करने का अधिकार दिया गया है। आर्टिकल 30 में सभी अल्पसंख्यकों को अपनी पसंद के शैक्षणिक संस्थान (मदरसों) स्थापित करने और संचालित करने का अधिकार दिया गया है।
बैठक में मौलाना निज़ामुद्दीन, मौलाना ज़ाहिद हुसैन, मोईन खान, मौलाना अशफाक उर रहमान, मौलाना शम्स, मौलाना शर्फउद्दीन, मौलाना इंतेजार, मौलाना उबैद उल्लाह सहित बड़ी संख्यां में उलमा और मदरसा संचालक मौजूद रहे।