ट्यूलिप ग्रांड में संक्रमित मिला डॉक्टर होम आइसोलेट, पुलिस ने नहीं की कोई सुरक्षा
बरेली। कोरोना संक्रमित के मामले को लेकर मंगलवार को दो थानों की पुलिस का अजीबोगरीब रवैया देखने को मिला। एक डॉक्टर के संक्रमित मिलने की सूचना पर बिना किसी जांच-पड़ताल के बारादरी पुलिस ने अपने क्षेत्र के ट्यूलिप टॉवर को हॉटस्पॉट बनाने का पर्चा चस्पा कर दिया, जबकि डॉक्टर इज्जतनगर क्षेत्र के ट्यूलिप ग्रांड में रहते हैं, लेकिन इज्जतनगर पुलिस हाथ पर हाथ धरे बैठी रही।
सोमवार देर रात जारी हुई 262 लोगों कोरोना पॉजिटिव की सूची में इज्जतनगर के ट्यूलिप ग्रांड में आठवें तल पर रहने वाले मीरगंज में तैनात आयुष चिकित्सक का नाम भी शामिल था। डॉक्टर अपने महानगर निवासी साथी डॉक्टर के संपर्क में आने की वजह से संक्रमित हो गए थे। स्वास्थ्य विभाग से होम आइसोलेशन की अनुमति लेकर वह घर पर ही उपचार ले रहे हैं। नियमानुसार इज्जतनगर पुलिस को ट्यूलिप ग्रांड का आठवां तल हॉटस्पॉट बनाना था पर इज्जतनगर इंस्पेक्टर का कहना है कि उन्हें ऐसी कोई सूचना नहीं मिली।
दूसरी ओर वायरलेस पर मेसेज पास होने के बाद बारादरी पुलिस ने बिना कोई जांच-पड़ताल किए ही आनन-फानन में अपने क्षेत्र के ट्यूलिप टॉवर को हॉटस्पॉट बनाने का नोटिस चस्पा कर दिया। यहां रहने वाले भाजपा नेता गुलशन आनंद ने इस पर इंस्पेक्टर शितांशु शर्मा और मॉडल टाउन चौकी प्रभारी यतेंद्र पाल शर्मा से ऐतराज जताया। कहा, यहां कोई नया कोरोना केस नहीं है, लेकिन पुलिस का कहना था कि सूचना मिलने पर ही हॉटस्पॉट का नोटिस चस्पा किया है। दिन भर यहां के लोग दहशत के साए में रहे। शाम को पुलिस को भूल का अहसास हुआ तो नोटिस हटा दिया गया। मॉडल टाउन चौकी प्रभारी ने स्वीकार किया कि जल्दबाजी में नोटिस चस्पा कर दिया था। केस इज्जतनगर थाना क्षेत्र का है।
अपर मुख्य सचिव के आने से हड़बड़ाई पुलिस
दरअसल सुबह ही लखनऊ से अपर मुख्य सचिव (चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण) के शहर में आने और किसी भी हॉटस्पॉट का दौरा करने की सूचना वायरलेस पर प्रसारित हो गई। सभी थाना प्रभारियों को निर्देश दिए गए कि वे अपने इलाकों के हॉटस्पॉट क्षेत्र की स्थिति देख लें कि कहीं कोई समस्या तो नहीं है। निरीक्षण में खामी मिली तो कार्रवाई होगी। इस सूचना को बारादरी पुलिस ने इतनी गंभीरता से लिया कि ट्यूलिप ग्रांड को ट्यूलिप टॉवर मानकर उसे हॉटस्पॉट बनाने का नोटिस चस्पा कर दिया।
ट्यूलिप ग्रांड और ट्यूलिप टॉवर के एक जैसे नाम होने से धोखा हुआ होगा। वैसे दोनों ही जगह पढ़े-लिखे तबके के लोग रहते हैं, जो खुद सतर्कता बरतते हैं और सुरक्षा मानक अपनाते हैं। ऐसे इलाकों में पुलिस को ज्यादा टोकाटाकी की भी जरूरत नहीं पड़ती है। - अभिषेक वर्मा, एसपी