In winter the long lines at the ATM
- फोटो : बरेली, अमर उजाला
नई करेंसी न आने के कारण अधिकांश बैंकों में कैश की किल्लत बनी हुई है। अवकाश के कारण आज पूरे दिन एटीएम से रुपये निकालने के लिए लोगों की लंबी लाइन लगी रही। लेकिन शहर के अधिकांश एटीएम सुबह से दोपहर तक ही जवाब दे गए। एचडीएफसी सहित कुछ बैंकों के एक दर्जन एटीएम ही चालू थे, जिनमें रुपये निकालने के लिए लंबी लाइन लगी हुई थी। बैंक अधिकारियों का कहना है कि कैश न मिलने के कारण एक दो दिन और करेंसी संकट बना रहेगा।
पुराने शहर में कालीबाड़ी और सिविल लाइन में स्टेट बैंक के दो एटीएम ही चालू रहे। सर्किट हाउस के निकट आईसीआईसी का एटीएम दोपहर 12 बजे बंद हो गया। एटीएम से कैश निकालने के लिए लोगों को तीन से चार घंटे तक लाइन में लगना पड़ा। इतने देर तक इंतजार करने के बाद दो हजार रुपये ही निकल पाए। डीडीपुरम, प्रेमनगर तथा कोहाड़ापीर इलाकों में बैंक आफ बड़ौदा का एक ही एटीएम काम कर रहा था। पीलीभीत बाईपास, बदायूं रोड, 100 फुटा रोड पर गिने चुने एटीएम ही काम करते देखे गए।
एटीएम से रुपये निकालने के लिए तीन घंटे से चंदौसी की गुड़िया लाइन में लगी हुई थी। वह कालीबाड़ी में एक विवाह समारोह में शामिल होने आईं थीं। उन्हें बहू को नेग के लिए रुपये निकालने में चार घंटे लग गए। इनका कहना है कि अपना ही पैसा निकालने के लिए इतनी मशक्कत करनी पड़ रही है।
बिहारीपुर के रहने वाले आदर्श कुमार का कहना है कि दो दिन से एटीएम की लाइन में लगा हुआ हूं। कल तो धनराशि निकालने से पहले ही एटीएम खाली हो गया। आज साढ़े तीन घंटे लाइन में लगने के बाद दो हजार रुपये निकाल पाया हूं।