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Bareilly News: किसी ट्रेड में अनुदेशकों की कमी तो कहीं पद ही सृजित नहीं

Sat, 22 Aug 2026 01:23 AM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
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बरेली। जिले में संचालित चार आईटीआई संस्थानों में कई ट्रेड ऐसे हैं, जिनमें अनुदेशकों की कमी है। यही नहीं कई में तो पद ही सृजित नहीं है। इसके चलते विद्यार्थियों को परेशानी हो रही है। ट्रेड बंद होने का खतरा भी मंडरा रहा है।
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आईटीआई सीबीगंज में इन दिनों पीपीओ (प्लास्टिक प्रोसेसिंग ऑपरेटर) व कटिंग स्विंग जैसी ट्रेडों में शिक्षक नहीं हैं। आईटीआई काष्ठ कला में तीन ट्रेडों में अनुदेशकों के पद ही सृजित नहीं हैं। इनमें इलेक्ट्रशियन, डीजल व आरएससी ट्रेड शामिल है। शिक्षकों की कमी के कारण संस्थान एडजस्टमेंट के नाम पर दूसरी ट्रेडों के शिक्षकों से ही पढ़ाई करवा रहे हैं।
आईटीआई महिला की कोपा (कंप्यूटर ऑपरेटर प्रोग्रामिंग असिस्टेंट), स्विंग टेक्नोलॉजी व फैशन ट्रेड में भी अनुदेशकों की कमी होने से इन्हें भी स्टेट काउंसिल फॉर वोकेशनल ट्रेनिंग (एससीवीटी) के तहत चलाने की तैयारी है। आईटीआई के नोडल प्रधानाचार्य शिव कुमार शर्मा ने कहा कि जिन ट्रेडों में शिक्षक नहीं है, उनका संचालन अन्य ट्रेड के अनुदेशक, कहीं अतिथि शिक्षक या फोरमैन की सहायता से संचालित होती हैं।
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पूर्व में एम्ब्राॅयड्री की ट्रेड पर आया था संकट

आईटीआई सीबीगंज में एंब्राॅड्री ट्रेड में स्थाई शिक्षक नहीं होने से छात्रों की संख्या बेहद कम हो गई। ट्रेड बंद होने की कगार पर भी आ गई थी। नोडल प्रधानाचार्य शिव कुमार शर्मा ने बताया कि ऐसी स्थिति आने पर विभाग ने छात्रों की काउंसलिंग की। उन्हें प्रवेश लेने के लिए प्रोत्साहित किया। आउटसोर्स के शिक्षकों के ट्रेड में लगाया, इसके बाद स्थिति में सुधार आया।

डीजीटी की मैपिंग में कई ट्रेडें हुईं थी एनसीवीटी से बाहर
इस वर्ष डायरेक्टर जनरल ऑफ ट्रेनिंग (डीजीटी) ने सभी आईटीआई कॉलेजों की नए सिरे से मैपिंग की, जिन एनसीवीटी (नेशनल काउंसिल ऑफ वोकेशनल ट्रेनिंग) कोर्स में अनुदेशक नहीं थे, उन्हें बंद करने का निर्णय लिया, लेकिन राज्य स्तर से ऐसी ट्रेडों को चलाने के लिए उन्हें एससीवीटी में शामिल कर लिया गया।
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