बरेली/भमौरा। बरेली-बदायूं फोरलेन का निर्माण करीब 695 करोड़ रुपये की लागत से हो रहा है। इसकी धीमी रफ्तार से राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कार्यदायी संस्था एनएचएआई का दावा है कि परियोजना का करीब 40 फीसदी काम पूरा हो चुका है। इसके बावजूद, कई हिस्सों में निर्माण कार्य बेहद सुस्त है। कहीं ओवरब्रिज का काम ठप है तो कहीं मशीनें निष्क्रिय खड़ी हैं।
परियोजना को नवंबर 2027 तक पूरा करने का लक्ष्य है। मौजूदा स्थिति में राहगीरों को लंबे समय तक दुश्वारियां झेलनी पड़ेंगी। आंवला रोड पर बन रहे ओवरब्रिज में खास प्रगति नहीं दिख रही है। देवचरा में बरेली-बदायूं रोड पर ओवरब्रिज का काम शुरू हुआ है, पर मजदूर बिना सुरक्षा उपकरण के काम करते देखे गए। देवचरा-दातागंज व बरेली-बदायूं बाइपास पर काम ठप है। चकरपुर पुलिया के पास जलभराव से हादसे का खतरा है। रम्पुरा मोड़ पर बाइपास का काम चल रहा है, लेकिन चाड़पुर तक कई जगह रफ्तार धीमी है। भमौरा मार्ग की ओर भी मशीनें खड़ी हैं, पर काम अपेक्षित गति से नहीं हो रहा है। निर्माण के कारण रम्पुरा मोड़ से कोहनी तक 15 से 20 किलोमीटर का रास्ता वन-वे हो गया है। इससे वाहनों का दबाव बढ़ा, संकरी सड़कों पर आवागमन मुश्किल है। गया है। संकरी सड़क, निर्माणाधीन हिस्से व जगह-जगह अधूरे काम के कारण राहगीरों को आवागमन में परेशानी उठानी पड़ रही है।
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वर्जन ...
फोरलेन का काम 40 फीसदी पूरा कर लिया गया है। काम चल रहा है तो थोड़ी बहुत समस्याएं जरूर होंगी, उसके बाद स्थिति ठीक कर ली जाएगी। काम को नवंबर 2027 तक पूरा कर लिया जाएगा। - उत्कर्ष शुक्ला, पीडी, एनएचएआई बदायूं