बरेली। गलती हो गई तो डरे नहीं, क्योंकि एक गलती को छिपाने के लिए कई और गलतियां हो जाती हैं। इसलिए गलती होने पर उसे परिजनों को तुरंत बताएं। जरूरी हो तो पुलिस को भी सूचना दें। ये बातें महिला थाने के प्रभारी मुकेश चौधरी ने अमर उजाला की ओर से बुधवार को आयोजित दोस्त पुलिस कार्यक्रम में कस्तूरबा नगर निगम बालिका इंटर कॉलेज की छात्राओं से कहीं।
उन्होंने कहा कि गलतियाें को छिपाने की कोशिश मामले को और उलझा देती है। ऐसी स्थिति में छात्राओं को चाहिए कि वे परिजनों को पूरी बात बताएं ताकि सही समय पर उचित मार्गदर्शन और सहयोग मिल सके। छात्राओं को किसी भी प्रकार की मानसिक या शारीरिक प्रताड़ना सहने की जरूरत नहीं है। यदि राह चलते या स्कूल आते-जाते समय कोई व्यक्ति उन पर अवांछित टिप्पणी करता है या उन्हें परेशान करता है तो उससे डरने के बजाय तुरंत पुलिस को सूचित करना चाहिए।
थाना प्रभारी ने कहा कि पुलिस का कार्य समाज की सुरक्षा करना है और छात्राएं पुलिस को मित्र मानकर अपनी समस्या साझा कर सकती हैं। शिकायत करने वाली छात्रा की पहचान पूरी तरह से गुप्त रखी जाती है, ताकि उन्हें भविष्य में किसी सामाजिक परेशानी का सामना न करना पड़े।
कार्यक्रम के दौरान पुलिस की ओर से जारी विभिन्न महत्वपूर्ण हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी दी गई। छात्राओं को बताया गया कि मुसीबत के समय वे इन नंबरों का उपयोग कर तत्काल सहायता प्राप्त कर सकती हैं। मुकेश चौधरी ने कहा कि आधुनिक समय में पुलिस तकनीक और त्वरित कार्रवाई के माध्यम से हर नागरिक तक पहुंचने के लिए तत्पर है। कार्यक्रम के अंत में सभी छात्राओं को थाने के सभी कक्षों का निरीक्षण कराया गया।