बरेली। प्रभातनगर में रहने वाले व्यापारी दिनेश वाधवानी की पत्नी रजनी वाधवानी का कहना है कि ठगों ने उन्हें बात करते करते उलझाया और डेढ़ लाख रुपये के जेवर लेकर चलते बने। रजनी ने कोतवाली में रोते हुए बताया कि बदमाशों ने उन्हें सम्मोहित किया और एक एक कर जेवर उतरवाते चले गए। नावल्टी चौराहे जैसे भीड़ भाड़ वाले इलाके में सरेआम ये कैसे ठगी हुई यह पुलिस भी नहीं समझ पा रही है। बहरहाल न इस मामले में कोई तहरीर दी गई है और न रिपोर्ट लिखी गई है।
प्रभातनगर निवासी दिनेश की वहीं जनरल स्टोर है। उनकी पत्नी रजनी वाधवानी का कहना है कि शनिवार को करीब साढ़े तीन बज खरीदारी करने के लिए घर से निकली। वकील रजनी नावल्टी चौराहे पर दो लोगों ने उन्हें रोक कर पूछा कि क्या आप कविता नाम की महिला को जानती हैं। उसके बाद उन्होंने क्या-क्या सवाल पूछे रजनी सिलसिले से बता नहीं पा रही हैं । उन्होंने उनके कंगन मंगलसूत्र, दो चूड़ियां, अंगूठी उतरवाई और आंखें बंद करने को कहा। आंखें बंद करते ही दोनों खिसक लिए। रजनी कह रही थी कि ठग बैग भी ले गए जिसमें तीन हजार रुपये और एटीएम कार्ड था। होश में आने पर कोतवाली पहुंच गईं। महिला दरोगा शारदा चौधरी, सिपाही रूबी यादव और एसएसआई ने किसी तरह समझाकर शांत करने की कोशिश की, लेकि न उनके आंसू नहीं थम रहे थे। पुलिस मौके पर भी गई लेकिन ऐसा कोई संदिग्ध व्यक्ति हाथ नहीं आयी।