बरेली। बीडीए की रामगंगानगर आवासीय योजना के सेक्टर नौ के कई हिस्से अंधेरे में डूबे हैं। रात के वक्त निकलना खतरे से खाली नहीं है। अमर उजाला की पड़ताल में शनिवार रात 11 बजे मुख्य द्वार पर अंधेरा मिला। इसी कॉलोनी में अपने रिश्तेदार के घर से अस्पताल जाने के लिए निकले मनीष कुमार बोले- यहां अंधेर का अंधेरा कायम है। कुछ ही लाइटें रोशन हैं। अगर बाइक में रोशनी न हो तो मुख्य द्वार तक पहुंचने में आप हादसे का शिकार हो सकते हैं।
इसी कॉलोनी के निवासी अवधेश सिंह ने बताया कि बीडीए के अधिकारी नहीं सुनते। मांग करने के बाद भी जब खंभे पर लाइटें न लगीं तो उन्होंने अपने घर के बार एक लाइट लगवाई, ताकि सड़क पर अंधेरा न रहे। सेवानिवृत्त सीओ डीके सिंह ने बताया कि उनके घर के आगे खंभा है, पर लाइट गायब है। विजय भसीन को भी स्ट्रीट लाइटें ठीक होने का इंतजार है। कॉलोनी के लोगों ने बताया कि पानी की टंकी बनी है, पर घरों के कनेक्शन नहीं जोड़े गए हैं। वहीं, एक दिन पहले अमर उजाला में खबर प्रकाशित होने के बाद सेक्टर पांच में लाइटें ठीक करा दी गईं। अमर उजाला ब्यूरो