बरेली। गौसगंज के सराय में महामारी बनकर फैल रहे बुखार से दो मासूमों की मौत होने के बाद स्वास्थ्य विभाग में हडकंप मच गया है। सोमवार को सीएमओ के निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग की टीम गौसगंज पहुंची। आरटी किट से प्रत्येक बुखार पीड़ित की जांच की। इसमें 17 वाइवैक्स मलेरिया से पीड़ित मिले। जिन्हें तत्काल उपचार मुहैया कराना शुरू कर दिया गया है।
एसीएमओ डॉ. रंजन गौतम ने बताया कि बुखार पीड़ितों का चेकअप करने सोमवार को स्वास्थ्य विभाग की पांच सदस्यीय टीम फरीदपुर के गौसगंज सराय पहुंची। टीम ने बुखार से हुई मौतों के परिजनों से भी पूछताछ की और लिखित बयान लिया। इसमें मृतक सुभान रजा के पिता के मुताबिक उसे बुखार नहीं था बल्कि वो उसको दस्त की शिकायत थी। हालत ज्यादा बिगड़ी और मौत हो गई। वहीं, आलिया के पिता आबिद खां ने बुखार से बच्ची की मौत होने की बात कुबूल की है। वहीं, कैंप में क्रमवार 112 बुखार से पीड़ितों का आरटी किट से चेकअप किया गया। इसमें यूनुस खां (31), सोहाना (2), इरफान (12) समेत 17 मरीजों में वाइवैक्स मलेरिया मिला है। पीड़ितों को उपचार मुहैया कराया जा रहा है। टीम में मेडिकल ऑफिसर डॉ. इंद्रवीर प्रताप सिंह, जय प्रकाश, राजेश पांडेय, अवधेश कुमार, विशाल शामिल रहे।
वहीं, जिला अस्पताल में सोमवार को पूर्व में भर्ती युवक में भी फै ल्सीपेरम मलेरिया की पुष्टि होने के बाद उसे फीवर वार्ड से मलेरिया वार्ड में शिफ्ट कर इलाज मुहैया कराया जा रहा है।