कंधे पर लदा था स्कूल बैग, पुलिस ने हादसा माना, हत्या की आशंका में होगा पोस्टमार्टम
देवरनिया (बरेली)। ननिहाल में रह रहे एक पांच साल के बच्चे का शव बुधवार को गांव के तालाब में उतराता मिला। तेरह दिन से लापता इस बच्चे के अपहरण की रिपोर्ट दर्ज थी। शव पर कोई चोट का निशान नहीं था, स्कूल बैग कंधे पर टंगा था। प्रथम दृष्टया पुलिस इसे हादसा मान रही है, लेकिन हत्या की आशंका में शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।
बदायूं के थाना बिसौली थाने के गांव कौरेरा निवासी महेंद्रपाल का पांच वर्षीय पुत्र अनुराग देवरनिया के गांव इटौआ में अपने नाना ढाकनलाल मौर्या के घर मां की मौत के बाद छह माह की उम्र से रह रहा था। वह गांव के सरस्वती विद्या मंदिर जूनियर हाईस्कूल में कक्षा दो का छात्र था। 18 दिसंबर को वह स्कूल गया, लेकिन वापस नहीं लौटा। ननिहाल वालों ने उसकी तलाश की लेकिन वह नहीं मिला। 19 दिसंबर को ढाकनलाल ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ अपहरण की रिपोर्ट दर्ज कराई। बुधवार सुबह 10 बजे गांव वालों ने अनुराग का शव स्कूल से कुछ दूरी पर तालाब में उतराता देखा। ग्रामीणों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव निकलवाया। पुलिस का कहना है कि स्कूल लौटते वक्त बच्चा तालाब में गिर गया होगा। लेकिन सही स्थित पोस्टमार्टम के बाद ही पता चल पाएगी।
‘बच्चे के शव पर किसी तरह का कोई निशान नहीं मिला है। वह स्कूल ड्रेस में है और पीछे बस्ता टंगा है। इसलिए लगता है कि वह स्कूल से लौटते या खेलते वक्त धोखे से तालाब में गिर गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से स्थिति साफ होगी। परिवार से भी जानकारी जुटाई जा रही है।’
- डॉ. संसार सिंह, एसपी देहात
पांच बीघा जमीन और मकान का मालिक था अनुराग
देवरनिया। इटौआ शरीफनगर गांव में अनुराग अपनी मां फूलवती की मौत के बाद रह रहा था। उसके नाना ने अच्छी परवरिश के लिए उसे अपने साथ रखा था। उसके नाम पांच बीघा जमीन और मकान था। ग्रामीणों में चर्चा है कि हो सकता है कि संपत्ति के लालच में बच्चे की हत्या की गई हो। ढाकनलाल के अनुसार, अनुराग जब छह माह का था तभी उसकी मां की मौत हो गई। इसके बाद यहां उसे अपने साथ लाए। उसके पिता ने उसके नाम पांच बीघा जमीन और मकान किया था। यहां रहकर वह कक्षा दो में पढ़ता था। दिसंबर के पहले सप्ताह में उसके पिता ने दूसरी शादी बदायूं में ही कर ली। बताया कि उसकी व परिवार की किसी से रंजिश नहीं भी है। वह खुद हैरान हैं।