बरेली। दिवाली पर जमकर जले पटाखें से प्रदूषित हुई हवा में दूसरे दिन भी बारूद का दम घोंटू धुआं घुला रहा। इससे एक्यूआई दो सौ दर्ज हुआ। वहीं, आवासीय क्षेत्र में एक्यूआई सुबह से शाम तक 249 से 210 के बीच दर्ज हुआ। शनिवार को जिला अस्पताल में ज्यादातर सांस के मरीज पहुंचे।
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय कार्यालय से प्राप्त आंकड़ों के अनुसार शुक्रवार को शहर में एक्यूआई 216 दर्ज हुआ था। दिनभर शहर पर धुंध मंडराती रही। शनिवार सुबह हल्की तेज हवा चलने से धुंध छंटने पर प्रदूषण के स्तर में मामूली गिरावट दर्ज हुई। शनिवार को आवासीय क्षेत्र राजेंद्र नगर में सुबह नौ बजे एक्यूआई 249 रहा। जो दोपहर करीब 12 बजे 230 दर्ज हुआ। वहीं, शाम सात बजे 210 पहुंचा। जबकि इसी दौरान व्यावसायिक क्षेत्र सिविल लाइंस में क्रमश: एक्यूआई 196, 180, 176 दर्ज हुआ।
प्रदूषण नियंत्रक बोर्ड क्षेत्रीय कार्यालय के विशेषज्ञ के मुताबिक पटाखों का जलना बंद होने के बाद प्रदूषण के स्तर में तेजी से गिरावट होगी। हालांकि, परिस्थितियां अनुकूल रहीं और धुंध पूरी तरह साफ होने में 72 घंटे लग सकते हैं।
जिला अस्पताल में बढ़े सांस के मरीज
गोवर्धन पूजा के चलते जिला अस्पताल में शनिवार को आधे दिन की ओपीडी रही। पर्चा काउंटर कर्मचारी के अनुसार 329 मरीज इलाज के लिए पहुंचे। सबसे ज्यादा मरीज चेस्ट फिजिशियन के रहे। जिन्हें सांस फूलने, बेचैनी, सांस लेने पर गले में दर्द, खराश के रहे। फिजिशियन के पास बुखार, जुकाम, पेट दर्द, ऐंठन के मरीज ज्यादा रहे। जिन्हें दवा के साथ बचाव का सुझाव दिया गया। अमर उजाला ब्यूरो