चार-पांच फरवरी को शत प्रतिशत स्वास्थ्य कर्मियों को प्रतिरक्षित करने का लक्ष्य
बरेली। कोविड-19 के खिलाफ चल रहे टीकाकरण अभियान का पहला चरण अब आखिरी दौर में है। चार और पांच फरवरी को शत प्रतिशत टीकाकरण का लक्ष्य लेकर स्वास्थ्य विभाग ने कसरत शुरू कर दी है। इसके लिए कोविन पोर्टल पर दर्ज शेष स्वास्थ्यकर्मी जिनका टीकाकरण होना या छूट गए हैं, उन्हें कॉल कर सेहत की जानकारी ली जाएगी। स्वस्थ होने पर हर हाल में प्रतिरक्षित होने के लिए बुलाए जाएंगे।
टीकाकरण अभियान में सहयोग के बजाय स्वास्थ्यकर्मियों की अनदेखी से बरेली प्रदेश में अब तक 35वें पायदान तक भी नहीं पहुंच सका है। पहले चरण के चार चक्र में 49, 36, 44, 56 वीं रैंक मिली है। हालांकि, सत्र और सर्वाधिक टीकाकरण के लक्ष्य वाले जिलों की बात करें तो बरेली टॉप पर रहा है। अब जबकि पहले चरण का आखिरी टीकाकरण चार और पांच फरवरी को होना है, इसलिए स्वास्थ्य विभाग की ओर से बड़े स्तर पर तैयारी की जा रही है। दो दिनों में करीब 14 हजार स्वास्थ्यकर्मियों को टीका लगाया जाना है। जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. आरएन सिंह के मुताबिक, दो दिनों में टीकाकरण का लक्ष्य हासिल करने के लिए निजी और सरकारी सभी केंद्रों के प्रभारियों और वहां मौजूद होने वाली टीम प्रत्येक को कॉल कर टीकाकरण के लिए बुलाएगी। स्वस्थ और जिले में लोकेशन दर्ज होने की स्थिति में उन्हें टीकाकरण के लिए बुलाया जाएगा। किसी तरह की समस्या होने पर उसका निस्तारण कराना केंद्र के नोडल अफसर की जिम्मेदारी होगी।
तमाम स्वास्थ्यकर्मियों ने कहा- तबीयत खराब
28, 29 जनवरी को हुए टीकाकरण के दौरान भी इस प्रक्रिया का ट्रायल हुआ था। तमाम स्वास्थ्यकर्मियों ने शहर से बाहर होने और कइयों ने तबियत खराब होने की वजह से केंद्र पर नहीं आने की बात कही थी। आंकड़ों पर गौर करें तो करीब 30 फीसदी स्वास्थ्यकर्मियों ने असमर्थता जताई। वहीं, जो निर्धारित तिथि से पहले टीकाकरण कराना चाह रहे थे उनका साथ सर्वर ने नहीं दिया। ऐसे में अब लॉक सिस्टम से पहले ही सूची को डाउनलोड कर लिया जाएगा। जिसके अनुसार कॉल कर सभी का सूचना दी जाएगी ताकि बाद में कोई अड़चन न रहे।