बरेली। केंद्र सरकार ने 18 जनवरी से देश भर में सॉवरेन गोल्ड बांड योजना शुरू करायी है। बैंकों से 22 जनवरी तक बांड खरीदे जा सकते हैं। जिले में बैंकों को सौ करोड़ रुपये के बांड बिक्री करने का लक्ष्य मिला है। पहले दिन बैंकों में स्थिति यह थी कि शाखा प्रबंधक योजना की जानकारी तक नहीं दे पाए। खरीदार भी बैंकों से नदारद ही रहे।
‘सोना भी समझदारी भी’ स्लोगन के साथ धूमधाम से सोमवार से 22 जनवरी तक बैंकों में गोल्ड बांड योजना लागू हुई है। बैंकों ने इस योजना की पहले दिन ही हवा निकाल दी। सभी बैंक शाखाओं में बांड बिकने हैं, लोगों ने बैंक प्रबंधन से इसकी जानकारी मांगी तो किसी को कुछ पता तक नहीं था। ऑल इंडिया दिया टोल फ्री नंबर 18001800000 इंगेज मिला या फिर इस दिशा की सभी लाइनें व्यस्त होने की टोन मिलती रही। बांड खरीदने के लिए कुछ लोगों ने बैंकों से संपर्क करते रहे, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला।
जिले में सौ करोड़ लक्ष्य
जिले में सौ करोड़ रुपये के बांड बेचने का लक्ष्य मिला है। लक्ष्य सभी बैंकों को मिलकर पूरा करना है, इसलिए सभी बैंकों में अलग अलग दिया गया है। सोमवार में बड़े बड़े बैंक अफसरों की टेबल पर देर शाम तक योजना सर्कुलर पड़ा रहा। वे इतने व्यस्त रहे कि योजना को पढ़ा तक नहीं।
क्या है योजना
- गोल्ड बांड में निवेश करने पर 2.75 प्रतिशत ब्याज फिक्स मिलता रहेगा।
- दो से 500 ग्राम तक सोना मूल्य बराबर बांड खरीदा जा सकता है।
- सोना खरीदारी में शुद्घता की चिंता होती है, लेकिन इसमें ऐसा नहीं है।
- बांड खरीदार लोन ले सकते हैं, किसी को हस्तांतरण कर सकेंगे।
- पांच वर्ष बाद इस पर भुगतान लिया जा सकता है।
- सोने की कीमतें भले ही कम हो जाएं लेकिन बांड वैल्यू यथावत रहेगी।