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Bareilly News: एनएसजी कमांडो को बेची ठग कंपनी की कार, बैंक प्रबंधक समेत चार पर रिपोर्ट

Fri, 30 Aug 2024 03:32 PM IST
मुकेश कुमार अमर उजाला ब्यूरो, बरेली

सार

बरेली के अमोल कुमार एनएसजी के कमांडो हैं और इस समय  हरियाणा मानेसर कैंप में तैनात हैं। शातिरों ने उन्हें जाल में फंसा लिया और ठग कंपनी की कार उनको बेच दी। इसका खुलासा होने पर अमोल ने बरेली में रिपोर्ट कराई है। 
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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बरेली में मोटे मुनाफे का झांसा देकर निवेशकों से करोड़ों रुपये की ठगी करने वाली कंपनी की कार शातिरों ने एनएसजी कमांडो को बेच दी। कार चोरी होने के बाद कमांडो को धोखाधड़ी का पता चला। कमांडो ने चार लोगों पर कोतवाली में रिपोर्ट कराई गई है।

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अमोल कुमार एनएसजी के कमांडो हैं और इस समय  हरियाणा मानेसर कैंप में तैनात हैं। पंचकूला निवासी अनुराग मिढ़ा और सोनीपत के गांव जटवारा निवासी विक्रांत खत्री ने कार बेचने के लिए अमोल से संपर्क किया था। 

दोनों ने बताया कि कोटक महिंद्रा बैंक सिविल लाइन शाखा बरेली ने किस्त जमा न करने के कारण मेसर्स श्री गंगा इंफ्रासिटी प्राइवेट लिमिटेड की कार जब्त कर ली है। बाजार से सस्ते दाम पर यह कार दिलवा देंगे। अनुराग ने अमोल से 8,61,760 रुपये ले लिए। शातिरों ने जनवरी 2020 में एसीजेएम प्रथम बरेली के आदेश पर कार रिलीज करवाकर अमोल को दे दी। 

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ऐसे पता चला फर्जीवाड़ा 
कुछ दिनों में कार को अमोल के नाम ट्रांसफर करने का आश्वासन दिया। अमोल ने कार का बीमा भी करा लिया। 2021 में कार गुरुग्राम से चोरी हो गई। अमोल ने बीमा कंपनी में क्लेम के लिए आवेदन किया तो उनके नाम पंजीकरण न होने से आवेदन खारिज कर दिया गया।

अमोल ने अनुराग, विक्रांत, कोटक महिंद्रा बैंक सिविल लाइन शाखा के कर्मचारी दीपक और बैंक प्रबंधक से नुकसान की भरपाई के लिए कहा। इन लोगों ने भरपाई करने से मना कर दिया। नोटिस भेजा तो उसका भी जवाब नहीं दिया। न्यायालय के आदेश पर कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज की गई है।
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कंपनी ने बरेली में किया है 300 करोड़ रुपये का घोटाला
बेची गई कार जिस मेसर्स श्री गंगा इंफ्रासिटी प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के नाम दर्ज है, वह कंपनी बरेली में निवेशकों को 300 करोड़ रुपये का चूना लगा चुकी है। कंपनी के एमडी के लग्जरी कारों का काफिला था। इस मामले में शातिरों ने न्यायालय से कंपनी की कार रिलीज करवाकर कमांडर को बेच दी। 

न्यायालय जब गाड़ी रिलीज का आदेश करता है तो गाड़ी को बेचने और खुर्द बुर्द करने से रोकने के लिए आदेश में शर्तों का जिक्र करता है। शातिरों ने न्यायालय के आदेश को अनदेखा कर गाड़ी कमांडो को बेच दी। कोतवाली पुलिस न्यायालय के आदेश पर रिपोर्ट दर्ज कर मामले की छानबीन कर रही है।
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