बरेली। जिला सहकारी बैंक फरीदपुर शाखा में घोटाला करने के आरोपी शाखा प्रबंधक हरदोई के गौरव वर्मा और नवाबगंज बरेली के मुकेश गंगवार समेत चारों कर्मचारियों को सेवा से बर्खास्त करने की तैयारी शुरू हो गई है। साथ ही, इनकी आय से अधिक संपत्ति की जांच कराने की भी योजना बन रही है। इन लोगों ने सुनियोजित ढंग से पुराने 547 बचत खातों को जीवित कर भ्रष्टाचार किया है।
जिला सहकारी बैंक के महाप्रबंधक देवेंद्र सिंह ने बताया कि उच्चाधिकारियों ने गबन करने वाले बैंक कर्मियों के विरुद्ध बर्खास्तगी तक की कार्रवाई करने को कहा है। बैंकर्स से गबन वाली धनराशि की रिकवरी हो सके, इसके लिए उनकी संपत्ति बिक्री पर भी प्रतिबंध लगवाने की तैयारी है। साथ ही उनकी आय से अधिक संपत्ति की भी जांच की प्रक्रिया शुरू की जा रही है।
महाप्रबंधक ने बताया कि उन्होंने घोटाले की जांच रिपोर्ट मंगलवार को प्रबंध निदेशक को भेजी है। रिपोर्ट के मुताबिक, बैंक शाखा में काफी सुनियोजित तरीके से लंबे समय से भ्रष्टाचार किया जा रहा था। इसके लिए बैंक में मृत हो चुके खातों को जीवित किया गया। फरीदपुर की सांयकालीन बैंक शाखा पर कार्यरत स्टाफ ने आपसी मिलीभगत से ऐसे खातों, जिनमें पुराना अवशेष लंबे समय से चला आ रहा था और खाताधारक ने लेन-देन नहीं किया था, उन्हें चिह्नित कर फर्जी आधार और पैन की सूचना फीडकर केवाईसी अपडेट कर खातों को ऑपरेट किया। इसके बाद इन खातों को डेबिट कर, नए फर्जी केवाईसी से खोले गए बचत खातों में क्रेडिट करने के साथ उसी दिनांक को नगद आहरण दिखाकर 18,87,200 रुपये गबन किया। लंबे समय से लेनदेन न होने वाले 92 खातों में पूरी तरह फर्जी आधार व पैन की सूचना फीडकर खातों को ऑपरेट कर सीधे नकद आहरण दर्शाकर 14,57,100 रुपये का गबन किया गया है।
इसी तरह से शाखा कर्मियों ने 547 बचत खातों में खाताधारक के आधार नंबर के साथ कई अन्य के आधार मैप कराए गए। जिसके परिणामस्वरूप काफी संख्या में किसानों की प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि एक ही खाते में आ गई थी। इस तरह आधार मैप कराकर किसान सम्मान निधि व डीबीटी से प्राप्त होने वाली अन्य योजनाओं की धनराशि 1.64 करोड़ 9,832 रुपये में से 97,61,769 रुपये भुगतान दर्शाकर गबन किया।
फरीदपुर बैंक शाखा में गबन सामने आने के बाद जिला सहकारी बैंक के महाप्रबंधक ने जिले की सभी 26 बैंक शाखाओं में जांच शुरू करा दी है। इसके लिए उन्होंने वरिष्ठ बैंक कर्मियों की टीम गठित कर दी है। इन सभी से अधिकतम एक सप्ताह में रिपोर्ट देने को कहा है। महाप्रबंधक ने बताया कि फरीदपुर शाखा में किसान सम्मान निधि का पैसा शाहजहांपुर के किसान का आने की बात उनसे पूर्व के जीएम भारत भूषण को उसी जिले के महाप्रबंधक ने बताई थी। जिस पर मामले की जांच में फर्जीवाड़ा सामने आया है।