सत्तर हत्याकाण्ड मे ंनामजद आरोपियो को जेल ले जाती पुलिस
हाफिजगंज। सत्तार हत्याकांड के नामजद चार आरोपियों को पुलिस ने 22 माह बाद गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। अवैध संबंधों के चक्कर में सत्तार की हत्या हुई थी।
कस्बा हाफिजगंज निवासी सत्तार हुसैन का कंकाल 14 अप्रैल 2023 को हाफिजगंज की श्मशान भूमि के पास खेत में मिला था। सूचना पर पहुंची पुलिस ने कंकाल का पोस्मॉर्टम के लिए भेज दिया था। मृतक सत्तार हुसैन के भाई अकबर ने कंकाल को अपने भाई का होना बताया था। उन्होंने तीन जून 23 को गांव के ही नन्हे, नूरजहां, मुनब्बर, छोटा उर्फ तसब्बर, मो. शाह व असगरी बेगम के खिलाफ भाई की हत्या करने की नामजद रिपोर्ट दर्ज करवाई थी।
इसके बाद पुलिस ने शव की पहचान कराने के लिए डीएनए टेस्ट करवाया, जिसमें पुष्टि होने के बाद पुलिस ने विवेचना शुरू कर दी थी। इंस्पेक्टर पवन कुमार ने बताया कि मृतक सत्तार हुसैन कारचाेबी करवाता था। नशा आदि भी करता था। इसी बीच एक महिला से उसके संबंध हो गए।
कुछ दिन बाद महिला उससे किनारा करने लगी, लेकिन मृतक सत्तार उसका पीछा कर उसके घर पहुंच जाता था। यह बात महिला व उसके परिवार आदि को नागवार गुजरी और उन्होंने सत्तार की हत्या कर शव को खेत में दफना दिया। पुलिस ने नामजद आरोपी नन्हे शाह निवासी रूढ़की बहेड़ी, मुनब्बर शाह निवासी बाजार मोहल्ला हाफिजगंज, छोटा शाह उर्फ तसब्बर शाह, नूरजहां निवासी रूढ़की बहेड़ी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। संवाद