File of making Lohia park on prison ground just stops
- फोटो : बरेली, अमर उजाला
अंग्रेजों के जमाने की पुरानी जेल की जमीन पर बीडीए से पूर्व में प्रस्तावित लोहिया पार्क बनेगा या फिर कुछ और। जब बीडीए ने लोहिया पार्क बनाने का प्रस्ताव शासन को भेजा था, उस समय प्रदेश में सपा की सरकार थी। अब भाजपा प्रचंड बहुमत से सत्ता संभालने जा रही है। ऐसे में बीडीए ने भी अपने पुराने प्रस्ताव पर अमल न करने का निर्णय लिया है। बीडीए को भाजपा महानगर विधायकों के अलावा नई सरकार की नीतियों और सरकार बनने के बाद बदलने वाले प्रशासन से गाइड लाइन का इंतजार है। हालांकि भाजपा विधायक इसके लिए जनता से सुझाव मांगने की बात कर रहे हैं लेकिन भाजपा पार्षद दल जेल की जमीन पर पार्क के बजाय एम्स स्तर का अस्पताल बनाना चाहता है।
सिविल लाइंस कचहरी के पीछे स्थित पुरानी जेल सपा सरकार में नई जगह शिफ्ट हो चुकी है। बरेली विकास प्राधिकरण ने पुरानी जेल की 60 एकड़ जमीन पर लखनऊ के डा. भीमराव अंबेडकर पार्क की तर्ज पर 60 करोड़ की लागत से यहां पार्क बनाने का प्रस्ताव अखिलेश सरकार में ही शासन को भेजा था। पार्क की लागत का बजट अधिक होने से शासन ने ये प्रस्ताव स्वीकृत नहीं किया। तत्कालीन डीएम पंकज यादव ने बीडीए से कम बजट का प्रस्ताव बनाकर भेजने को कहा था। उसी समय विधानसभा चुनाव की आचार संहिता लागू हो गई। बदले राजनीतिक हालात में जहां भाजपा प्रचंड बहुमत के साथ प्रदेश में सत्ता संभालने जा रही है। वहीं बीडीए की प्राथमिकताएं भी बदल गई हैं। अब लोहिया पार्क का प्रस्ताव फिलहाल अधर में है। बीडीए अफसर नई सरकार बनने के बाद उसकी प्राथमिकताओं का इंतजार कर रहे हैं। भाजपा के शहर विधायक जनता की डिमांड के हिसाब से जेल की जमीन पर ऐसा कुछ बनवाना चाहते हैं जिससे अधिकतम लोगों को उसका फायदा मिल सके। बीडीए को नई सरकार में तय होने वाले प्रशासन से इस मुद्दे पर फिर से दिशा निर्देश मिलने का इंतजार है।
जेल की जमीन पर पार्क बनाना बेहतर रहेगा। भले ही भाजपा सरकार लोहिया पार्क के बजाय उसका नाम किसी और महापुरुष के नाम पर रख दे। शहर को सबसे बेहतर पार्क की जरूरत है। राजेश अग्रवाल, पार्षद दल नेता सपा
सिविल लाइंस में पहले से ही बहुत पार्क हैं। गांधी उद्यान भी यहीं है। जेल की जमीन पर एम्स स्तर का अस्पताल बना दिया तो बेहतर रहेगा। शहर को ऐसे अस्पताल की बहुत जरूरत है। जिला अस्पताल भ्रष्टाचार के चलते मरीजों को बेहतर इलाज नहीं दे पा रहा है। विकास शर्मा, पार्षद दल नेता भाजपा
जेल की जमीन पर क्या बने। इस पर जनता की राय ली जाए। हमारे हिसाब से यहां पार्क, अस्पताल या ऐसी चीज बने, जिसका शहरवासियों को बेहतर फायदा मिले। अभी सरकार बनने दीजिए। कैबिनेट की बैठक हो। फिर हम सबका सहयोग लेकर शहर को बेहतर बनाने का प्रयास करेंगे। डा. अरुण कुमार, शहर विधायक भाजपा