एक पेड़ माँ के नाम के तहत उद्यमियों और किसानो के साथ वन विभाग की संगोष्ठी।
फरीदपुर। प्लाईवुड विनियर मैन्युफैक्चरर वेल्फेयर एसोसिएशन व वन विभाग की ओर से शनिवार को आयोजित एक पेड़ मां के नाम 2.0 कार्यक्रम में पहुंचे वन और पर्यावरण मंत्री डॉ. अरुण कुमार ने किसानों और उद्योगपतियों को संबोधित किया।
मुख्य अतिथि मंत्री डॉ. अरुण कुमार ने कहा कि किसान सीधे जाकर उद्योगों को लकड़ी बेचें। बीच के बिचौलियों के चक्कर में न पड़ें। पेड़ का ज्यादा उत्पादन करने के लिए पौधरोपण भी करें। उन्होंने कहा कि कार्बन क्रेडिट कार्यक्रम इंटरनेशनल संस्था के द्वारा चल रहा है। कार्बन क्रेडिट का अभी किसानों को छह डॉलर मिल रहा है, यह भी बढ़ने वाला है। इससे पेड़ का दाम भी बढ़ेगा।
कार्यक्रम में मौजूद फरीदपुर विधायक प्रोफेसर श्याम बिहारी ने कहा पिछले 10 साल में बहुत सुधार हुआ है। कुछ गलतियां हैं। जैसे मंडी का टैक्स छापेमारी आदि को दूर किया जाए। वन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि वन पर्यावरण मंत्री का विजन है कि किसान और लकड़ी उद्योग के बीच में जो बिचौलिए हैं। उन्हें खत्म किया जाए।
इस पर वन विभाग योजना बना रहा है। कार्यक्रम में प्रमुख वन संरक्षक सुनील चौधरी, अपर प्रधान मुख्य वन संरक्षक दीपक कुमार, ललित वर्मा, मुख्य वन संरक्षक पीपी सिंह, दीक्षा भंडारी आदि माैजूद रहे। संवाद
अड़चनों को दूर करने के लिए बने अनुकूल योजना
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे विनियर प्लाईवुड एसोसिएशन के अध्यक्ष शेखर अग्रवाल के पिता उद्योगपति वीपी अग्रवाल ने उद्योग चलाने में प्रशासन की तरफ से आ रही परेशानी बताते हुए कहा कि उद्योग स्थापित करने में अलग-अलग विभाग से एनओसी लेना पड़ती है। इससे उद्योग लगाने में कठिनाई का सामना करना पड़ता है। उद्यमी विभागों के दफ्तर के चक्कर काटते रहते है। इसके लिए सरकार द्वारा ऐसी योजना बनानी चाहिए, जिससे व्यापारियों को सुविधा हो। उन्होंने अन्य देश का हवाला देते हुए कहा कि इन देशों में भारत से अधिक उद्योग हैं, लेकिन यहां ऐसी कोई दिक्कत नहीं है।