आयकर विभाग ने टीडीएस जमा न करने पर जिला पंचायत और बिजली विभाग के खाते सीज कर दिए हैं। दोनों विभागों पर आरोप है कि इन्होंने वर्ष 2015-16 की अवधि का 15 मार्च तक टीडीएस जमा नहीं किया है। विभाग की ओर से किए गए सर्वे के अनुसार इन दोनों पर 70 लाख रुपये की रिकवरी निर्धारित की गई है।
जिला पंचायत ने निर्माण कार्य कराए और कर्मचारियों के वेतन से टीडीसी की कटौती करके आयकर विभाग में जमा नहीं की है। जबकि जिला पंचायत पर इन सभी मदों का करीब 50 लाख रुपये का टीडीएस बनता है। इस राशि के जमा न करने पर इनकम टैक्स विभाग ने सेंट्रल बैंक स्थित खाते को सीज कर दिया है। बैंक से कहा है कि आयकर विभाग के अग्रिम आदेशों तक इस खाते से धन राशि नहीं निकलनी चाहिए।
दूसरी ओर बिजली विभाग के बारे में भी इसी तरह के आदेश हैं। बिजली विभाग पर भी ठेकेदारों के काम और कर्मचारियों के वेतन से निकलने वाले टीडीएस को जमा नहीं किया है। जिसकी राशि करीब 20 लाख रुपये आंकी गई है, इसलिए बिजली विभाग के पीएनबी खाते को सीज कर दिया है। यहां पर भी आदेश में अग्रिम आदेशों तक धनराशि निकालने पर रोक लगा दी गई है। इससे पहले सिंचाई, बीएसएनएल, जल निगम, लोक निर्माण सहित 17 विभागों के खातों को टीडीएस जमा न करने के कारण सीज किया गया है।