बरेली। एक बार फिर शहर में बड़ा फाल्ट होने से महानगर उपकेंद्र ठप हो गया। इससे हरूनगला और जगतपुर उपकेंद्र भी प्रभावित रहे। परेशान लोग फोन करते रहे लेकिन स्टाफ ने रिसीव नहीं किए। रात करीब दस बजे तक बिजली सप्लाई अव्यवस्थित बनी रही। वहीं, सैदपुर हॉकिन्स में हाईटेंशन लाइन टूटने से कुछ लोग करंट की चपेट में आ गए।
शहर से देहात तक बिजली सप्लाई व्यवस्था पटरी से उतरी हुई है। वहीं, अभियंता और जेई संगठन के आंदोलन से फाल्ट समय से सही नहीं हो पा रहे हैं। जेई संगठन ने अपने आंदोलन के दौरान फोन स्विच ऑफ करने का फैसला ले रखा है, इससे पूरे मंडल में सप्लाई व्यवस्था चौपट हो गई है। प्रबंधन और चीफ इंजीनियर ने इससे निपटने के लिए कोई कारगर कदम नहीं उठाए हैं, जिससे अराजकता की स्थिति बनी हुई है। इससे आम उपभोक्ता और खुद विभागीय अफसर भी प्रभावित हुए हैं। मंगलवार को महानगर उपकेंद्र सप्लाई लाइन में आया मामूली फाल्ट घंटों नहीं मिल पाया, इससे महानगर और आसपास के सभी इलाकों में सप्लाई दोपहर एक से रात दस बजे तक ठप रही। अभियंता संघ सचिव रंजीत चौधरी खुद विभागीय मनमानी के शिकार हैं। उनकी पत्नी का पिछले दिनों आपरेशन हुआ था लेकिन बिजली न होने के चलते मंगलवार को वह काफी परेशान नहीं। महानगर उपकेंद्र से जुडे़ इलाकों के अलावा पुराना शहर, इज्जतनगर, सीबीगंज, भरतौल समेत कई इलाकों में देर रात तक सप्लाई गुल रही है।
शटडाउन बताकर किया गुमराह, लगा करंट
सैदपुर हॉकिन्स प्राथमिक स्कूल के पास दो जगह तार टूटकर गिर गए, लाइन में करंट आ रहा था। इसकी सूचना पार्षद दीपक सक्सेना ने रात सवा दस बजे इज्जतनगर सब स्टेशन तथा जेई को दी। जेई ने कह दिया कि वह हड़ताल पर है। सब स्टेशन से जितेंद्र लाइनमैन वहां पर पहुंचेगा। इसके बाद फोन पर बताया गया कि लाइन बंद कर दी गई है, तार हटा दो। इस दौरान भाजपा कार्यकर्ता लखपत सिंह ने तार हटाने की कोशिश की तो उन्हें करंट लगा क्योंकि शटडाउन नहीं दिया गया था। इस पर पार्षद दीपक सक्सेना ने कड़ी नाराजगी जताई। यहां तार नहीं जुड़ने से रात 12 बजे के बाद तक बिजली सप्लाई गुल रही।