बरेली। शासनादेश को नजरअंदाज कर फीस जमा करने के लिए अभिभावकों पर दबाव बनाने और लेट फीस वसूल करने के मामले में कैंट का बिशप कोनराड स्कूल फंस गया है। जिले के प्रभारी मंत्री श्रीकांत शर्मा से कई शिकायतों के बाद डीएम के आदेश पर डीआईओएस ने स्कूल के खिलाफ जांच के लिए राजकीय स्कूल ताल गौंटिया के प्रधानाचार्य डॉ. सुभाषचंद्र मौर्य को जांच अधिकारी नामित किया है।
कई अभिभावकों ने प्रभारी मंत्री से शिकायत की थी कि बिशप कॉनराड कॉवेंट स्कूल कैंट शासनादेश की अनदेखी कर न सिर्फ अभिभावकों पर फीस जमा करने का दबाव बना रहा है बल्कि उनसे लेट फीस भी वसूल कर रहा है। डीएम के आदेश पर डीआईओएस डॉ. अमरकांत सिंह ने अक्तूबर में स्कूल प्रबंधक और प्रधानाचार्य को नोटिस देकर स्पष्टीकरण मांगा था। अब डीआईओएस ने इस प्रकरण की जांच शुरू करा दी है। डीआईओएस का कहना है कि जांच रिपोर्ट के आधार पर स्कूल के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।