बरेली। प्रमुख सचिव के दौरे की वजह से बरेली कॉलेज के प्राचार्य पद पर दावा ठोकने वाली डॉ. पूर्णिमा अनिल बुधवार को कमिश्नर रणवीर प्रसाद से नहीं मिल सकीं। वह अब बृहस्पतिवार को कमिश्नर से मिलने जाएंगी। प्रशासन के रवैये से खफा डॉ. पूर्णिमा ने यह भी कहा कि जब सबसे बड़े अफसर भी कार्रवाई से खुद को असहाय बता रहे हैं तो आखिर वह न्याय की गुहार कहां लगाएं।
पिछले दिनों डॉ. पूर्णिमा अनिल ने कमिश्नर को प्रत्यावेदन सौंपा था। उनका कहना है कि इस प्रत्यावेदन पर न विधिक रूप से कोई फैसला हुआ न उन्हें अब तक कोई जवाब दिया गया। डॉ. पूर्णिमा ने कहा कि बोर्ड ऑफ कंट्रोल के अध्यक्ष कमिश्नर की ओर से भी ठोस पहल नहीं होते दिख रही लेकिन वह न्याय के लिए आखिर तक प्रयास करती रहेंगी। उन्होंने कहा कि नियमानुसार वरिष्ठता सूची के क्रम में अगर वे प्राचार्य पद की प्रबल दावेदार हैं तो उन्हें पद चाहिए। कहा कि प्रशासन टाल मटोल कर मामले को उलझा रहा है जिससे प्रशासनिक कार्रवाई पर भी सवालिया निशान लग रहा है। उन्होंने कहा, पिछले दिनों डीएम ने कार्रवाई में खुद को असमर्थ बताया है।