बरेली। मुरादाबाद और बरेली मंडल में चार निजी कॉलेजों ने यूनिवर्सिटी बनने के लिए आवेदन किया है। पहले चरण के निरीक्षण के बाद रुहेलखंड विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. अनिल शुक्ल इसकी रिपोर्ट शासन को भेजने की तैयारी कर रहे हैं। विधानसभा की अनुमति के बाद इन कॉलेजों को निजी यूनिवर्सिटी बनाने का रास्ता साफ हो जाएगा।
इस समय बरेली जिले में इन्वर्टिस और इंटरनेशनल, दो निजी यूनिवर्सिटी हैं। अब बरेली में एसआरएमएस और फ्यूचर ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस, शाहजहांपुर में वरुण-अर्जुन मेडिकल कॉलेज और चंदौसी के राधा-गोविंद ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस ने यूनिवर्सिटी बनाने के लिए आवेदन किया है। इस पर शासन की ओर से गठित टीम पांच सदस्यीय टीम इन कॉलेजों में निरीक्षण कर इनके दावों का परीक्षण कर चुकी है। इस टीम में विशेष सचिव रामबहादुर, रुहेलखंड विश्वविद्यालय के प्रो. अनिल शुक्ल, क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारी डॉ. राजेश प्रकाश आदि शामिल रहे। क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारी ने बताया कि कॉलेजों की डीपीआर के आधार पर निरीक्षण हुआ था। अब यह टीम शुक्रवार को अपनी रिपोर्ट शासन को भेजेगी। इस रिपोर्ट के बाद शासन की उच्च समिति निरीक्षण करेगी, फिर यह मामला मंत्रालय और विधानसभा के समक्ष रखा जाएगा। विधानसभा की मंजूरी के बाद ही निजी यूनिवर्सिटी बनने की मंजूरी मिलेगी। यह सब करीब एक साल की प्रक्रिया है।
चार कॉलेजों ने निजी विश्वविद्यालय को आवेदन किए हैं। निरीक्षण के बाद उनकी रिपोर्ट शासन को भेजी जा रही है। विधानसभा की मंजूरी के बाद ही इन कॉलेजों के यूनिवर्सिटी बनने का रास्ता साफ होगा। - प्रो. अनिल शुक्ला, कुलपति, रुहेलखंड विश्वविद्यालय