फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

परमीशन रद्द का नहीं मिला है लिखित पत्र: सलमान

विज्ञापन
विज्ञापन
बरेली। उर्स की तमाम तैयारियां लगभग अंतिम दौर में हैं। उर्स की तमाम व्यवस्थाओं और सुरक्षा को लेकर जिला प्रशासन बैठकें कर चुका है। अब अंतिम समय में इस्लामिया में होने वाले ताजुश्शरीया के उर्स की परमीशन को निरस्त किया जाना दुखद है। यह कहना है जमात रजा मुस्तफा के उपाध्यक्ष एवं उर्स प्रभारी सलमान हसन खान का।
विज्ञापन

उन्होंने कहा कि हालांकि उर्स को रद्द किए जाने की कोई भी लिखित सूचना प्रशासन की ओर से अभी उन्हें नहीं मिली है। अलबत्ता, इस्लामिया मैदान पर उर्स की परमीशन रद्द किए जाने की बात आई है तो यह शर्मनाक है। ऐसे में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का नारा सबका साथ, सबका विकास और सबका विश्वास कैसे सार्थक होगा। जहां तक अब उर्स की जगह की बात है तो इसका फैसला शहजादे ताजुश्शरीया असजद मियांऔर मुरीद तय करेंगे। उन्होंने कहा कि ताजुश्शरीया हमेशा विवादों से बचते रहे और अमनो मोहब्बत का पैगाम देते रहे। लिहाजा उनकी हिदायत का अमल करते हुए पूरी तरह अमन को बरकरार रखा जाएगा। यही असजद मियां की ओर से सभी से अपील भी है।
उर्स के खिलाफ विहिप ने

हाईकोर्ट में डाली पीआईएल
बरेली। इस्लामिया में होेने वाले उर्स ताजुश्शरीया के खिलाफ हाईकोर्ट में विश्व हिंदू परिषद की ओर से पीआईएल डाली गई थी। एक दिन पहले डाली गई पीआईएल के खिलाफ उर्स कमेटी की ओर से भी अर्जी डाल दी गई है। हाईकोर्ट ने पीआईएल स्वीकार करते हुए इस पर सुनवाई के लिए 12 जुलाई की तारीख डाल दी है। उर्स की परमीशन के निरस्त होने की एक वजह लोग यह भी मान रहे हैं। क्योंकि कोर्ट के पीआईएल स्वीकार करने के बाद किसी भी फैसले में प्रशासन का हाथ न फंस जाए। इसलिए प्रशासन ने खुद को साफ रखने के लिए परमीशन निरस्त कर दी है। परमीशन रद्द के फैसले के बाद विरोध कर रहे संगठन के लोग जब सुबह कलक्ट्रेट पर पहुंचे तो उन्हें धरने से पहले ही वहां से हटा दिया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें