शहर में इन दिनों दुर्गा पूजा की धूम है। महासप्तमी पर शहर में लगे पंडालों में बड़ी संख्या में श्रद्धालु जुटे। शाम होते ही पंडालों में ढोल गूंज उठे। पूजा अर्चना के बाद नृत्य संगीत और नाटक के कार्यक्रम हुए। भोज एवं प्रसाद वितरण भी किया गया। पंडालों का मुख्य आकर्षण धुनुची ढाक के साथ की जाने वाली मां की पूजा रही।
एनई रेलवे इंस्टीट्यूट चौपुला के हाल में मां दुर्गा दरबार सजा है। साथ में लक्ष्मी, कार्तिक, सरस्वती और गणेश जी की मूर्ति भी स्थापित है। ठीक इसके सामने कन्याएं भक्ति की मस्ती में डूबी धुनुची ढाक नृत्य से मां की आराधना कर रही थीं, जिसे देखने के लिए बड़ी संख्या में भीड़ जुटी रही। इसमें 12 से 15 वर्ष की कन्याओं ने प्रतिभा का प्रदर्शन करते हुए प्रतियोगिता में भाग लिया।
बंगाली क्लब की ओर से आयोजित दुर्गा पूजा में सुबह महासप्तमी पूजा से दिन की शुरुआत हुई। इसके बाद ड्राइंग प्रतियोगिता हुई। दोपहर को भोग में बड़ी संख्या में लोग जुटे। शाम को ढोल की गूंज पर पूजा और आरती पुरोहित चंद्र चूर्ण बनर्जी ने संपन्न कराई। इसके बाद अन्य कार्यक्रम भी हुए।
उधर, बंगाली एसोसिएशन की ओर से नार्दन रेलवे मनोरंजन सदन में दूसरे दिन भी भीड़ रही। शाम को फिर ढोल और नगाड़ों की आवाज से पंडाल गूंज उठा। इसके बाद बंगाली नाटक का स्टेज पर मंचन किया गया। इससे पहले महासप्तमी पूजा के लिए पश्चिम बंगाल से आए पुरोहित देवी प्रसाद चटोपाध्याय ने मंत्रोच्चारण के साथ सुबह में पूजा का शुभारंभ किया। इसके बाद यहां पहुंचे भक्तों ने मां के चरणों में पुष्प अर्पित कर आशीर्वाद लिया। दोपहर में लोगों ने पंक्तिबद्ध बैठकर खिचड़ी भोग का आनंद लिया। कार्यक्रम में यूके मित्रा, अर्जुन चंपामणि, शंभू देव, शिवेश डे, पीके टिक्कादार, डॉ. भास्कर चक्रवर्ती, ध्रुव चटर्जी आदि का सहयोग रहा।
इसी तरह बरेली दुर्गाबाड़ी में सुबह सप्तमी पूजा और पुष्पांजलि के बाद प्रसाद वितरण हुआ। दोपहर के भोग में बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। शाम को रंगारंग कार्यक्रम हुए। इसमें मैलोडी मेकर्स ग्रुप की ओर से गीत-गजल और नृत्य के कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए। इसके अलावा इज्जतनगर के दादू का मंदिर, रोड नंबर 4, कृष्णा नगर कालीबाड़ी, एयरफोर्स गेट में भी इसी तरह के कार्यक्रम आयोजित किए गए।