शिक्षा और शोध पर बढ़ेगा खर्च
डॉ. दत्त ने बताया कि सरकार ने शिक्षा पर व्यय को सकल घरेलू उत्पाद के 4.6 प्रतिशत से बढ़ाकर 6 प्रतिशत तक ले जाने का संकल्प जताया है। वहीं शोध एवं विकास पर खर्च को 0.7 प्रतिशत से बढ़ाकर 1.1 प्रतिशत करने की योजना है। विशेषज्ञों का मानना है कि बढ़ा हुआ निवेश शैक्षणिक गुणवत्ता, नवाचार और वैश्विक प्रतिस्पर्धा को मजबूत करेगा। विश्वविद्यालयों के फैकल्टी, स्टाफ और विद्यार्थियों से इस परिवर्तनकारी दौर में सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान किया है।
सम्मेलन और कार्यशालाओं की भूमिका अहम
उन्होंने कहा कि कॉन्फ्रेंस, वर्कशॉप और अकादमिक संवाद से रोडमैप तैयार करने में मदद मिलेगी। आरएंडडी, अकादमिक और आउटरीच गतिविधियों के समन्वय से शिक्षा व्यवस्था को अधिक व्यावसायिक और परिणामोन्मुख बनाया जा सकेगा। उनका मानना है कि समर्पित प्रयासों और वैज्ञानिक दृष्टिकोण से ही विकसित भारत का सपना साकार हो सकेगा।