औषधि निरीक्षक ने भ्रामक संदेश जारी करने वालों को हड़काया, बोले- दवा कारोबार करने की है 24 घंटे छूट
बरेली। थोक दवा दुकानें खोलने और बंद करने के समय को लेकर एक बार फिर विवाद शुरू हो गया है। एक गुट ने थोक दवा की दुकानें शाम पांच बजे तक बंद करने का अभियान शुरू किया है। इसकी जानकारी मिलते ही एफएसडीए के अधिकारी ने एसोसिएशन के पदाधिकारियों की फटकार लगाई है। चेतावनी दी है कि ऐसी मनमानी और भ्रामक जानकारी प्रसारित करने पर कड़ी कार्रवाई होगी।
सोमवार सुबह से ही कारोबारियों के व्हाट्सऐप पर मेसेज आने शुरू हो गए कि अब थोक दवा बाजार शाम पांच बजे तक ही खुलेगा। इसका सख्ती से पालन करने की चेतावनी भी मेसेज में दी गई। इस पर थोक दवा दुकानदारों में खलबली मच गई। मुकेश अग्रवाल और राजेश ओबराय नाम से जारी यह संदेश खाद्य सुरक्षा व औषधि अफसरों तक पहुंच गया। औषधि निरीक्षक विवेक कुमार ने इन पदाधिकारियों से फोन पर पूछा कि किस अधिकार से ऐसे मेसेज जारी किए जा रहे हैं। विवेक ने कहा कि दवा कारोबारी लाइसेंसी हैं, उन्हें लाइसेंस लेते वक्त ली गईं शर्तें भी माननी होंगी। अगर कोई इसका उल्लंघन करेगा तो सख्त कार्रवाई होगी। उनका कहना है कि जिला प्रशासन ने सुबह नौ से रात साढ़े आठ बजे तक बाजार खोलने की अनुमति दी है, जबकि दवा कारोबार आवश्यक सेवाओं में आता है इसलिए उसे समय में नहीं बांधा जा सकता है। उन्होंने साफ कहा कि दवा कारोबार 24 घंटे करने की छूट है।