दरअसल, क्षेत्र के गांव निवासी प्रसूता ने बृहस्पतिवार को मंडी समिति के पास एक निजी अस्पताल में सिजेरियन ऑपरेशन के दौरान नवजात बच्ची को जन्म दिया। उसके बाद बच्ची की तबीयत बिगड़ने लगी। इसके बाद परिजन उसे किसी दूसरे अस्पताल में इलाज को ले गए, जहां शुक्रवार को नवजात की मौत हो गई। शुक्रवार को जब परिजन अस्पताल में भर्ती प्रसूता को डिस्चार्ज कराने आए तो बिल के पेमेंट को लेकर अस्पताल संचालक व परिजनों के बीच हुए विवाद ने हंगामा का रूप ले लिया। परिजनों ने डॉक्टर पर लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए अस्पताल के सामने रोड पर प्रदर्शन किया, जिससे आंवला-भमोरा रोड पर करीब आधे घंटे तक जाम लगा रहा। पुलिस ने पहुंचकर जाम खुलवाया। इस दौरान कई संगठनों के पदाधिकारी भी आ गए। हालांकि बाद में समझौते के बाद परिजन लौट गए। संवाद
सूचना पर टीम के साथ मौके पर पहुंचे, तब तक नवजात के परिजनों ने कार्रवाई से इन्कार कर दिया था।
- सिद्धार्थ सिंह तोमर, कोतवाल