अय्यूब खां चौराहे पर व्यापारी नेता की इनोवा कार से टप्पेबाज नोटों से भरी अटैची निकाल ले गए। उसमें तीन लाख रुपये की नकदी, सोने की अंगूठी समेत पांच लाख रुपये का माल था। टप्पेबाजों ने कार को पंचर जुड़वाते समय निशाना बनाया। मामले में पुलिस ने व्यापारी नेता के नौकर को शक के आधार पर कोतवाली बुला लिया है, लेकिन पूछताछ में अब तक कोई नतीजा नहीं निकला है।
सुभाषनगर निवासी टेंट हाउस व्यापारी प्रदीप अग्रवाल की नगर निगम के पास दुकान है। बृहस्पतिवार की रात को प्रदीप दुकान से घर जाने के लिए चले तो उनकी इनोवा कार में पंचर था। वह कार को अय्यूब खां चौराहे पर पंचर जोड़ने वाले के पास ले गए। व्यापारी नेता पंचर जुड़वा रहे थे। मिस्त्री टायर खोलने में लगा हुआ था। इसी बीच उन्होंने देखा तो कार के अंदर की लाइट जल रही थी और पिछली सीट पर रखी अटैची गायब था। अटैची में साढ़े तीन लाख रुपये, चार सोने की अंगूठी, एटीएम कार्ड, रिवाल्वर की मैगजीन समेत कई कीमती सामान रखा हुआ था। प्रदीप ने परेशान होकर कार के आसपास अटैची को तलाशा, लेकिन उसका पता नहीं लग पाया। घटना की सूचना पर सिविल लाइंस चौकी इंचार्ज प्रीति पवार के साथ प्रभारी निरीक्षक सुधीर पाल धामा भी पहुंच गए। छानबीन के दौरान मालूम हुआ कि प्रदीप को टायर पंचर होने की जानकारी उन्हीं के नौकर ने दी थी। पुलिस ने उसी नौकर को कोतवाली बुलाकर पूछताछ शुरू कर दी है, लेकिन कोई नतीजा नहीं निकला है। प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि टप्पेबाजों की तलाश कराई जा रही है।