फतेहगंज पूर्वी। बिलपुर स्टेशन के पास ट्रैक पर पड़ी युवक की लाश पर रातभर ट्रेनें गुजरती रहीं। शुक्रवार सुबह मालगाड़ी के ड्राइवर ने रेलवे प्रशासन को सूचना दी तो अफसर हरकत में आए। मालगाड़ी रुकी तो लखनऊ-दिल्ली रूट पर कई महत्वपूर्ण गाड़ियों को जहां-तहां रोकना पड़ा। करीब डेढ़ घंटे बाद लाश हटाने के बाद यातायात ट्रैक पर आ सका। युवक की शिनाख्त नहीं हो सकी है। पुलिस हत्या, आत्महत्या या हादसे की गुत्थी को भी नहीं सुलझा पाई है।
पूर्वी केबिन के पास किमी संख्या 01272 के पोल संख्या सात और नौ के क्रासरओवर के निकट करीब 25 साल के युवक का शव पड़ा था। करीब पौने सात बजे बरेली की ओर जा रही बाक्स स्पेशल गुड्स ट्रेन के ड्राइवर ने अप लाइन के बीच लाश देखकर गाड़ी रोक दी। ड्राइवर की सूचना पर रेल कर्मचारी मौके पर पहुंच गए। उसकी शिनाख्त कराई गई मगर कोई क्लू नहीं मिला। युवक जामुनी रंग की टी शर्ट और नीले रंग की लोअर पजामा पहना हुआ था। दाहिना पैर कट गया था और सिर भी फटा था। ट्रैक बाधित होने से राप्ती गंगा एक्सप्रेस, पूरबिया एक्सप्रेस, जलपाईगुडी एक्सप्रेस और गरीब रथ एक्सप्रेस को जगह-जगह रोका गया। एसएम विलपुर की सूचना पर जीआरपी बरेली ने लाश कब्जे में ले ली। करीब डेढ़ घंटे बाद ट्रेनों का संचालन शुरू हो सका। आसपास के लोगों का कहना है कि युवक मानसिक रूप से कमजोर था। वह दो-तीन दिन से स्टेशन पर घूम रहा था।