धौराटांडा के कैंब्रिज एकेडमी स्कूल के पास इशरत की फर्जी क्लीनिक पर गैर कानूनी रूप से गर्भपात कराया जाता है। सीएमओ टीम को मंगलवार में छापे के दौरान इसके सबूत मिले हैं। टीम के सदस्यों ने सीएमओ को सौंपी रिपोर्ट में यह जानकारी दी है। अभी ऐसी ही कई अन्य क्लीनिक भी स्वास्थ्य विभाग के रडार में हैं। इससे पता चल रहा है कि उस क्षेत्र में गर्भपात कराने वालों का नेटवर्क चलता है।
स्वास्थ्य महानिदेशालय की ओर से इशरत की क्लीनिक पर छापा मारने को कहा गया था। गर्भपात और फर्जी इलाज करने की शिकायत लखनऊ तक पहुंची थी। इसके बाद सीएमओ की टीम ने मंगलवार को छापा मारकर बुधवार को सीएमओ को रिपोर्ट सौंपी है। टीम के सदस्याें ने सीएमओ को बताया है कि छापे के दौरान इशरत की क्लीनिक पर कई औजार पाए गए, जिससे गर्भपात कराने का संदेह हुआ। यहां कई महिलाएं बैठी थीं और दवाएं भी पाई गई। धौराटांडा के रहने वाले जुनैद की पत्नी शकीला ने टीम को बताया कि इशरत यहां महिलाआें का गर्भपात करती हैं और बीमारियों का इलाज किया जाता है। शकीला क्लीनिक पर काम करती है।
छापे के विरोध में झोलाछाप का
सीएमओ ऑफिस पर हंगामा
बरेली (ब्यूरो)। बिना डिग्री और रजिस्ट्रेशन के क्लीनिक चला रही महिला झोलाछाप के वहां छापा पड़ा तो वह बुधवार को पति को लेकर सीएमओ ऑफिस पहुंच गई। उसने हंगामा कर डॉक्टरों और कर्मचारियों को खरी-खरी सुनाई। सीएमओ ने दोनों के खिलाफ कोतवाली में तहरीर दी है।
धौराटांडा में कैंब्रिज एकेडमी स्कूल के पास इशरत क्लीनिक चलाती हैं। मंगलवार को डॉ. डीपी सिंह के साथ स्वास्थ्य विभाग की टीम पहुंची तो वह डिग्री और पंजीकरण नहीं दिखा पाई। सीएमओ टीम ने दो दिन में डिग्री और पंजीकरण दिखाने को कहा था। बुधवार को इशरत अपने पति के साथ सीएमओ दफ्तर पहुंची और हंगामा कर दिया। उन्होंने कर्मचारियों को झूठे केस में फंसाने की धमकी दी। उनका कहना था कि इलाके में अन्य लोग भी फर्जी क्लीनिक चला रहे हैं लेकिन उनसे वसूली कर छोड़ दिया जाता है। एसीएमओ डॉ. आलोक चंद्रा को भी बुरा भला कहा गया। कनिष्ठ सहायक मो. शाहरान अली ने बताया कि उन्हें गोलियों से मारने की धमकी तक दी गई है।
वर्जन
इशरत की क्लीनिक पर छापा के दौरान जो माहौल दिखा है उससे पुष्टि हो रही है कि यहां गर्भपात भी होता है। यहां औजार पाए गए हैं और कई महिलाओं ने भी स्वीकार किया है। फिलहाल रिपोर्ट बनाकर सीएमओ को सौंप दी है।
डॉ. डीपी सिंह