बहेड़ी/देवरनियां। गनूनगला गांव की नूरी मस्जिद में ईद की नमाज के दौरान इमाम की विवादित टिप्पणी से बखेड़ा हो गया। एक पक्ष ने इसका विरोध कर मस्जिद का घेराव कर दिया। इसे लेकर दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए। पहले गाली गलौज हुई फिर धक्कामुक्की होने लगी। मामला बढ़ता देख कई थानों की पुलिस बुला ली गई। पुलिस के दबाव में इमाम को हटाने के बाद लोग शांत हुए।
सुबह करीब साढ़े नौ बजे मस्जिद में तैनात इमाम मौलाना राशिद ने ईद की नमाज अदा कराई। इसके बाद मौलाना ने लाउडस्पीकर के जरिए कई विवादित टिप्पणियां कर दीं। इससे गांव के दूसरे पक्ष के लोगों में आक्रोश फैल गया। ग्रामीण मस्जिद पहुंच गए। दोनों पक्षों में तनातनी होने लगी। देवरनियां थाने के एसओ सोनकर बाबू हंगामा कर रहे लोगों को खदेड़ा। इसके बाद दोनों पक्षों की बात सुनी। नूरी मस्जिद के मुतवल्ली खलीक अहमद ने विवादित टिप्पणी कहे जाने की बात कबूली। इसके बाद एसओ ने इमाम का हिसाब फाइनल कर गांव से रवाना करने को कहा। प्रधान रवि सिंह, शेर सिंह, प्रेमपाल, महावीर सिंह, पप्पू और रमाकांत ने इमाम मौलाना राशिद, मुतवल्ली खलीक अहमद समेत नौ लोगों के खिलाफ तहरीर दी। इसमें नमाज के दौरान विवादित टिप्पणी करने, एक पक्ष के इबादत स्थल के बारे में गलत बात कर आहत करने, गाली गालौच कर देख लेने की धमकी दिए जाने का आरोप लगाया गया। हालांकि एसओ ने तहरीर तहरीर वापस कर दी। इससे ग्रामीण फिर नाराज हो गए। उन्होंने शुक्रवार को बरेली जाकर डीआईजी और एसएसपी से इस बाबत शिकायत करेंगे। उधर, विवाद तो गर्माता देख बहेड़ी, शेरगढ़ और भोजीपुरा से पुलिस बल बुला लिया गया।
चार दिन पहले भी की थी विवादित टिप्पणी
ग्रामीणों का कहना है कि नूरी मस्जिद के इमाम मौलाना राशिद नवाबगंज के चमन नगरिया गांव के रहने वाले हैं। रमजान शुरू होते ही उन्हें इस मस्जिद पर तैनात किया गया था। चार दिन पहले भी मौलाना ने मस्जिद के लाउडस्पीकर से विवादित टिप्पणी की थी। इसका विरोध करने पर इमाम ने माफी मांग ली थी लेकिन बुधवार को फिर टिप्पणी कर दी।
एसडीओ और सीओ नहीं उतरे कार से
बहेड़ी। एसडीएम रामेश्वर नाथ तिवारी और सीओ प्रमोद यादव बहेड़ी के ईदगाह पर मौजूद थे। दोनों काफी देर बाद गांव पहुंचे। लेकिन कार से नहीं उतरे। कुछ देर बात ही बहेड़ी लौट आए। ग्रामीणों का कहना है कि दोनों अफसरों को उनकी बात सुननी चाहिए थी।
गांव से विवाद होने की सूचना आई थी। गांव जाकर दोनों पक्षों से वार्ता करने के बाद विवादित टिप्पणी करने वाले इमाम को गांव वालों ने खुद भगा दिया। अब माहौल शांत है।
- सोनकर बाबू एसओ देवरनियां।