नगर निगम पार्षद और सपा से जुड़े गौरव सक्सेना की पत्नी की अचानक मौत पर डीडीपुरम स्थित अस्पताल में हंगामा हो गया। तीन घंटे तक ड्रामा चला। दोनों परिवार के लोग पोस्टमार्टम को लेकर भिड़ गए। इस दौरान अस्पताल में सपा और भाजपा नेता भी जुट गए। हालांकि बाद में दोनों पक्षों की रजामंदी के बाद पोस्टमार्टम नहीं कराया गया।
सुर्खा छावनी के पार्षद गौरव सक्सेना की 26 साल की पत्नी अनमोल की शनिवार रात अचानक तबियत खराब हुई तो उन्हें डीडीपुरम के अस्पताल में भर्ती कराया गया। रविवार दोपहर 12 बजे उनकी मौत हो गई। परिवार वालाें का कहना है कि उनका ब्लड प्रेशर लो हुआ और हार्टअटैक पड़ गया। अचानक मौत की खबर पर अस्पताल में सपा, भाजपा के नेता और पार्षद भी पहुंच गए। पहले अनमोल के मायके वाले पोस्टमार्टम के लिए राजी हो गए, लेकिन बाद में उन्हाेंने मना कर दिया। गौरव सक्सेना के परिवार वाले पोस्टमार्टम कराना चाहते थे। इस बात पर अपराह्न साढ़े तीन बजे तक दोनों परिवार अस्पताल में ही उलझते रहे। साढ़े 12 बजे प्रेमनगर पुलिस को मेमो भेजा गया, जिसके आधार पर मजिस्ट्रेट को मौके पर पहुंच गए। लेकिन आखिर में दोनों परिवार के लोगों ने तय किया कि पोस्टमार्टम नहीं कराएंगे। प्रेमनगर के एसओ का कहना है कि किसी भी महिला की शादी के सात साल के अंदर अगर उसकी मौत होेती है तो उसका पोस्टमार्टम कराया जाता है। लेकिन इस मामले में दोनों पक्ष राजी नहीं थे। लड़की की मां का पोस्टमार्टम कराने के विरोध में थी। उन्हाेंने मजिस्ट्रेट को लिखकर भी दे दिया।
तीन महीने पहले हुई थी शादी
पटे की बजरिया भूड़ निवासी अनमोल की शादी इसी साल 16 फरवरी को पार्षद गौरव सक्सेना से हुई थी। अनमोल काफी खुशमिजाज और मिलनसार थी। वह अपनी मां और पिता की इकलौती संतान थी।
गौरव सक्सेना रहे हैं सुर्खियों में
नगर निगम के पार्षद गौरव सक्सेना सुर्खियों में रहे हैं। उनकी शादी में हर्ष फायरिंग के दौरान बैंक अधिकारी के एक बेटे को गोली लग गई थी, वह घायल हो गया था। लेकिन रिश्तेदार होने के चलते मामला नहीं बना। पिछले दिनों मेयर से भी उनका विवाद हो गया था।
केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार भी पहुंचे अस्पताल
गौरव सक्सेना सपा से जुड़े हैं, जबकि अनमोल के परिवार के लोग भाजपा से जुड़े हैं। अनमोल के मामा और गौरव सक्सेना के परिवार में अस्पताल में नोकझोंक भी हुई। केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार, विधायक डॉ. अरुण कुमार भी मौके पर पहुंच गए।